विहिप की स्थापना के 60 वर्ष पूरे होने पर सोमवार से काशी प्रांत के 218 खंडों में सत्संग सप्ताह आरंभ होगा। सेवा प्रकल्पों के साथ ग्राम समितियों की ओर से समरसता सम्मेलन किए जाएंगे। इस षष्ठपूर्ति पर विहिप ने धर्मांतरण और लव जिहाद रोकने के साथ ही गो रक्षा का संकल्प लिया है। रविवार को केसर भवन स्थित कार्यालय में यह जानकारी काशी प्रांत के अध्यक्ष कवींद्र प्रताप सिंह ने पत्रकारों से बातचीत में दी। काशी प्रांत अध्यक्ष ने बताया कि प्रयागराज, वाराणसी समेत पूरे प्रांत के जिलों में संस्कार शालाओं में भी स्थापना वर्ष के तहत सत्संग सप्ताह आरंभ होगा। प्रयागराज और काशी में वेद विद्यालयों के साथ नौगढ़ में सेवा प्रकल्प के तहत एकल विद्यालय संचालन की भी जानकारी उन्होंने दी।
बताया कि काशी प्रांत में 218 प्रखंड आते हैं। सभी प्रखंडों में स्थापना वर्ष के तहत कार्यक्रम किए जा रहे हैं। काशी प्रांत का लक्ष्य है कि ऐसा कोई भी खंड बस्ती और ग्राम नहीं होगा, जहां समितियां नहीं होंगी। संगठन का मानना है कि समितियों से ही हिंदू समाज के बीच समन्वय स्थापित हो सकेगा। इसके लिए संगठन ने 30 अगस्त तक काशी प्रांत की प्रत्येक इकाई में सत्संग सप्ताह चलाने का निर्णय लिया है।
यह अभियान हिंदू समाज के एकत्रीकरण का केंद्र होगा। संगठन ने यह भी तय किया है कि काशी प्रांत के जिलों में कार्यकर्ताओं को मतांतरण रोकने, गो रक्षा, लव जिहाद के खिलाफ अभियान चलाया जाएगा। इसके अलावा पर्यावरण संरक्षण, कुटुंब प्रबोधन के लिए आने वाले सितंबर के प्रथम सप्ताह और द्वितीय सप्ताह में जिले स्तर पर प्रशिक्षण शिविर आयोजित किए जाएंगे। वार्ता के समय काशी प्रांत के उपाध्यक्ष विनोद अग्रवाल ,प्रांत कोषाध्यक्ष रवींद्र मोहन गोयल, महानगर उत्तर के अध्यक्ष अजय गुप्ता, अंशुमान ,बृजभूषण ,शुभम कुशवाहा, दिग्विजय उपस्थित थे।