निवेशकों के चार सौ करोड़ रुपये लेकर फरार निहारिका वेंचर्स के बैंक खातों में हुए निवेश और लेनदेन की जांच आयकर विभाग की इंटेलिजेंस एंड क्रिमिनल इन्वेस्टिगेशन टीम करेगी। इस कंपनी के खातों से कब-कब और कितने रुपयों का लेनदेन हुआ, बैंकों के जरिए इसका विवरण जुटाया जा रहा है। इस मामले में कई बड़े निवेशकों का नाम सामने आने की उम्मीद है।
निहारिका वेंचर्स के अब तक 52 बैंक खातों का पता चल चुका है। इस कंपनी में पूर्वांचल से लेकर नोएडा और लखनऊ तक के कारोबारियों के अलावा बिल्डर्स और नेताओं की मोटी रकम डूबने की बात कही जा रही है। प्रापर्टी और शेयर में जोखिम के बिना निवेश और रकम बढ़ाने का लालच देकर इस कंपनी ने लोगों को आकर्षित किया था। इस कंपनी ने प्लाॅट आवंटन के नाम पर भी करोड़ों रुपये अपने खातों में जमा कराए थे। इसमें नौ बेंकों में 52 खातों के जरिए रकम जमा कराई जाती रही है।
आयकर विभाग के सूत्रों से पता चला है कि अब इस कंपनी के बैंक खातों से हुए करोड़ों के लेनदेन की जानकारी इंटेलिजेंस एंड क्रिमिनल इन्वेस्टिगेशन टीम जुटा रही है। आयकर की विशेष विंग आईएंडसीआई इस कंपनी के उन बैंक खातों की जांच करने जा रही है, जिनके जरिए बड़ी रकम का लेनदेन हुआ है। कहा जा रहा है कि इस आधार पर इस कंपनी में काली कमाई खपाने वाले कई बड़े कारोबारियों, नेताओं और अफसरों के नामों का खुलासा हो सकता है। आयकर विभाग के एक बड़े अधिकारी ने नाम न छापने के आग्रह पर बताया कि विवरण आने के बाद इस प्रकरण में नोटिस भेजा जाएगा।