इलाहाबाद हाईकोर्ट ने गैर मान्यता चल रहे स्कूलों व उनके खिलाफ की गई कार्रवाई के संबंध में प्रदेश सरकार से चार सप्ताह में विस्तृत रिपोर्ट मांगी है। यह आदेश न्यायमूर्ति आलोक माथुर और न्यायमूर्ति अरुण कुमार सिंह देशवाल की पीठ ने जनहित याचिका पर सुनवाई करते हुए आदेश दिया है। अगली सुनवाई 24 जुलाई को होगी।
लखीमपुर खीरी निवासी इद्दू ने जनहित याचिका दायर कर अधिनियम 2009 व उत्तर प्रदेश निशुल्क एवं अनिवार्य बाल शिक्षा अधिकार नियम 2011 से बिना मान्यता चल रहे स्कूलों पर कार्रवाई की मांग की। कोर्ट को बताया था कि बिना मान्यता वाले स्कूलों के संचालन के संबंध में प्रमुख सचिव, शिक्षा, उत्तर प्रदेश लखनऊ से शिकायत की थी, लेकिन कोई कार्रवाई नहीं की गई। इसके बाद जनहित याचिका दायर की। हाईकोर्ट ने कहा कि जनहित याचिका में उठाया गया मुद्दा लखीमपुर खीरी से संबंधित है, लेकिन यह पूरे राज्य के लिए प्रासंगिक है। बिना मान्यता चल रहे स्कूल बच्चों के भविष्य के साथ खिलवाड़ कर रहे हैं। ब्यूरो