पिछले साल दर्ज हुआ था केस
ईडी ने पिछले साल जुलाई में मुख्तार के खिलाफ मनी लांड्रिंग का केस दर्ज किया था। इसके लिए लखनऊ और मऊ में दर्ज मुकदमों को आधार बनाया गया था। इस मामले में उसके सांसद भाई अफजाल के अलावा सबसे बड़े भाई सिगबतुल्लाह अंसारी से पूछताछ की जा चुकी है। साथ ही उसके दोनों बेटों अब्बास व उमर अंसारी का भी बयान दर्ज किया जा चुका है।
जल्द शुरू होगी संपत्ति अटैच करने की कार्रवाई
सूत्रों का कहना है कि मनी लांड्रिंग केस में ईडी की ओर से फिलहाल संबंधितों के बयान दर्ज करने की कार्रवाई की जा रही है। यह वह लोग हैं जो या तो मुख्तार के बेहद करीबी हैं या उन पर मुख्तार की मदद करने संबंधी सबूत टीम के हाथ लगे हैं। बयान दर्ज करने की कार्रवाई लगभग पूरी होने को है। ऐसे में यह भी कहा जा रहा है कि जल्द ही मुख्तार की संपत्ति अटैच करने की कार्रवाई भी शुरू की जा सकती है।