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एक्सिस बैंक में शुआट्स के खाते से 20.40 करोड़ रुपये के गबन के मामले में शुआट्स केे कुलपति राजेंद्र बिहारी लाल फंस गए हैं। क्राइम ब्रांच ने विवेचना में उनको संस्था के हेड होने के नाते आरोपी बना दिया है। उनके खिलाफ अदालत से गिरफ्तारी वारंट लेने की तैयारी की जा रही है।
एसपी क्राइम बृजेश कुमार मिश्रा ने बताया कि 2011-12 से 2013-14 के बीच तीन वित्तीय वर्षों में एक्सिस बैंक में शुआट्स के खातों से बिना चेक लगाए 20.40 करोड़ रुपये का गबन हुआ था। तीन साल के दौरान गबन होता रहा। आरबी लाल शुआट्स का वीसी होने के बावजूद इसकी अनदेखी करते रहे। संस्था के प्रमुख होने के बावजूद वहां के वित्तीय लेनदेन में हुई गड़बड़ी की जिम्मेदारी से वह बच नहीं सकते। इस गबन में उनकी भी भूमिका रही है। उनको भी विवेचना अधिकारी एवं सीओ कर्नलगंज ने जिम्मेदार मानते हुए आरोपियों में शामिल किया है।
एसपी क्राइम के मुताबिक जल्दी ही आरबी लाल के खिलाफ गैर जमानती वारंट के लिए अदालत में आवेदन किया जाएगा। इस मामले में बैंक की ओर से बिजनेस आफीसर कमाल अहसान और शुआट्स के लेखाकार राजेश कुमार के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कराई गई थी। इस गबन की विवेचना में क्राइम ब्रांच ने बैंक, शुआट्स के 17 अफसरों को दोषी मानते हुए उनको गिरफ्तार कर जेल भेजा था। जबकि एक सिपाही राम कुमार को उसके खाते में शुआट्स के 87 लाख रुपये जमा होने के कारण गिरफ्तार किया था।
क्राइम ब्रांच को विवेचना में साक्ष्य मिले हैं कि शुआट्स और बैंक के अधिकारियों ने इस रकम को दूसरे कामों में इस्तेमाल किया है। जिसके प्रमाण जुटाए जा रहे हैं, जिससे कि दूसरी संस्थाओं में लगाई गई इस रकम की वसूली कराई जा सके। ऐसी संस्थाओं के प्रमाण जुटाकर उनके खिलाफ आरसी और संपत्ति कुर्क करने की कार्रवाई की जाएगी।