पहले से ही एक बेटे के दूर हो जाने का गम सह रहे परिवार पर दोहरा वज्रपात हो गया। चार दिन पहले नैनी के अरैल घाट में यमुना में डूबे साहिल का कोई पता चल न पाने से उसका बड़ा भाई हसनैन सदमे में था। बीमारी से शनिवार को उसकी मौत हो गई। अरैल घाट पर 26 जून को पिकनिक मनाने गए करेली के जीटीबी नगर के रहने वाले मो. शाकिब (16) पुत्र शान मोहम्मद, इरफान (16) पुत्र शब्बीर और साहिल (15) पुत्र मो. ताज नदी में बह गए थे। शाकिब और इरफान का शव गोताखोरों ने तलाश लिया था, लेकिन साहिल को तलाशने में पुलिस को अभी तक सफलता नहीं मिली। इधर साहिल की कोई खबर न मिलने से उसका बड़ा भाई हसनैन (17) सदमे में चल रहा था। शुक्रवार की शाम हसनैन को बुखार हुआ तो वो पड़ोस के डॉक्टर से दवा ले आया। शनिवार की सुबह करीब दस बजे जब उसकी तबियत अधिक बिगड़ गई तो परिजन उसे काल्विन अस्पताल ले गए। यहां पर चिकित्सकों ने उसे कहीं और ले जाने को कहा। परिजन उसे नाजरेथ अस्पताल ले गए जहां चिकित्सकों ने उसे मृत घोषित कर दिया। हसनैन तीन भाइयों में दूसरे नंबर पर था। यमुना में डूबे साहिल का कोई पता नहीं चला है। अब हसनैन की मौत के बाद परिवार पर दोहरा वज्रपात हुआ। रात में हसनैन को गमगीन माहौल में काला डांडा कब्रिस्तान में सुपुर्द ए खाक कर दिया गया।