दिन ढलते ही कंपनी बाग में जाने से लोग डरते लगते हैं। लूट, छेड़छाड़ जैसी घटनाएं वहां आम है लेकिन जल्द ही लोगों को बड़ी राहत मिलेगी। वहां स्थायी रूप से पुलिस चौकी खोलने का प्रस्ताव तैयार कर लिया गया है। यह प्रस्ताव कंपनी बाग के आधुनिकीकरण के लिए एडीए ने तैयार कराया है। इस कार्य के लिए हाईकोर्ट के निर्देश पर गठित विशेष कमेटी ने बृहस्पतिवार को सर्किट हाउस में कंसेप्ट प्लान का परीक्षण किया। कमेटी के चेयरमैन, सदस्यों, प्रशासनिक अफसरों ने इस पर लंबी चर्चा की। सोमवार को इसका अंतिम रूप से प्रस्तुतिकरण किया जाएगा।
कंसेप्ट प्लान के मुताबिक कंपनी बाग में स्थायी रूप से पुलिस चौकी खोलने का प्रस्ताव है। तैयारी यह भी है कि वहां तैनात होमगार्ड्स को भी पुलिस चौकी से अटैच कर दिया जाए। कंपनी बाग में बच्चों के लिए लगे झूलों को रंग-बिरंगी लाइट से सजाने और पार्किंग स्थल पर हाईमास्ट लगाए जाने की भी योजना है। कमेटी की बैठक के दौरान यह सवाल भी उठा कि कंपनी बाग की जमीन पर पन्ना लाल रोड की तरफ विवाहघर के संचालन की अनुमति कैसे दी गई। एडीए अफसरों को निर्देश दिया गया कि विवाहघर के खिलाफ कार्रवाई की जाए। साथ ही यह भी मालूम करने को कहा गया कि कंपनी बाग में लेडीज क्लब को कब और कितनी जमीन आवंटित की गई।
एडीए उपाध्यक्ष अजय कुमार सिंह ने बताया कि कंसेप्ट प्लान को हाईकोर्ट में पेश किया गया था। हाईकोर्ट ने आदेश दिया कि कमेटी के समक्ष कंसेप्ट प्लान का परीक्षण कराने के बाद अंतिम मंजूरी के लिए प्लान शासन को भेजा जाए। इसी के मद्देनजर बैठक हुई। यह प्लान लखनऊ के एक आर्किटेक्ट के माध्यम से तैयार कराया गया है। ऑर्किटेक्ट की ओर से सोमवार को इस प्लान का अंतिम रूप से प्रस्तुतिकरण किया जाएगा। उसके बाद प्लान हाईकोर्ट के समक्ष प्रस्तुत किया जाएगा और वहां से मंजूरी मिलने के बाद यह शासन को प्रेषित कर दिया जाएगा। बैठक में अपर महाधिवक्त सीबी यादव, डीएम भवनाथ, एसएसपी दीपक कुमार, एसपी सिटी राजेश कुमार, नगर आयुक्त आरपी सिंह एडीएम, सिटी एसके शर्मा आदि मौजूद रहे।