इलाहाबाद। जार्जटाउन में तंबाकू कारोबारी सुभाष चंद्र केसरवानी के घर हुई डकैती का पुलिस अब तक खुलासा नहीं कर सकी है। पुलिस पर लकीर पीटने का आरोप लगाते हुए उत्तर प्रदेश उद्योग व्यापार कल्याण समिति का प्रतिनिधि मंडल रविवार को एसएसपी दीपक कुमार के पास पहुंच गया। व्यापारियों ने कहा कि लूटपाट की घटनाएं बढ़ती जा रही हैं। इससे व्यापारी डरे हुए हैं। व्यापारियों ने चेतावनी भी दी कि अगर जल्द ही मामले का खुलासा नहीं हुआ तो वह सड़क पर उतरकर आंदोलन करने को बाध्य होंगे।
सुभाष के घर डाका 21 जनवरी की रात पड़ा था। डकैत लाखों रुपये के जेवर के साथ ही रिवाल्वर भी उठा ले गए थे। बदमाशों ने व्यापारी और उनकी पत्नी को बंधक बनाने के बाद तमंचे की बट से मारकर जख्मी भी कर दिया था। प्रतिनिधि मंडल में सतीश चंद्र केसरवानी, प्रमिल केसरवानी, राजेश केसरवानी, संतोष पनामा, शिव कुमार वैश्य, दिनेश विश्वकर्मा, रामजी केसरवानी, अमर वैश्य, नितिन केसरवानी, लल्लू लाल कुशवाहा, राकेश चंद्र केसरी, जयबाबू केसरवानी, रमेश चंद्र आदि मौजूद रहे।
तंबाकू कारोबारी के झूंसी स्थित फैक्ट्री में काम करने वाले कई कर्मचारियों से रविवार को भी पुलिस ने पूछताछ की। हालांकि पुलिस को अब भी कोई खास सुराग हासिल नहीं हो सका है। कारोबारी के ड्राइवर को अब भी पुलिस ने नहीं छोड़ा है। उससे पूछताछ हो रही है। ड्राइवर की भूमिका को पुलिस अब भी संदिग्ध मान रही है।