जिला अदालत के अधिवक्ता सत्येंद्र कुमार यादव (35) की मंगलवार शाम बाइक पर घर लौटते वक्त थरवई इलाके में गोली मारकर हत्या कर दी गई। पीछे से आए बाइक सवार बदमाश उनके गले पर गोली मारकर भाग गए। वहीं उनकी मौत हो गई। खबर मिलते ही परिजनों के साथ बड़ी संख्या में ग्रामीण और वकील वहां पहुंच गए और कातिलों की गिरफ्तारी की मांग करते हुए जाम लगा दिया।
सत्येंद्र कुमार यादव थरवई में तारडीह गांव के प्रेमनगर मजरा के रहने वाले थे। वह फूलपुर तहसील और जिला अदालत में वकालत करते थे। उनके पिता आशाराम यादव स्टाम्प विक्रेता हैं। मंगलवार शाम वह जिला अदालत से बाइक पर घर रवाना हुए। वह शाम करीब सात बजे इलाहाबाद-फूलपुर मार्ग पर थरवई के थानापुर पेट्रोल पंप से आगे बढ़े तभी पीछे से बाइक पर आए बदमाशों ने बगल में आकर उनकी तरफ फायर कर दिया।
गले में गोली लगते ही वह बाइक समेत सड़क पर गिर गए। लोगों के देखते ही देखते बदमाशों ने अपनी पल्सर मोड़ी और वापस फाफामऊ की तरफ चले गए। राहगीरों ने वकील सत्येंद्र को पहचाना तो उनके घर में खबर दी। कुछ ही देर में वहां रोते-कलपते परिवार के लोग और तमाम रिश्तेदार जुट गए। सैकड़ों ग्रामीण और वकील भी आ गए। पुलिस घटना के घंटे भर बाद वहां पहुंची जिससे लोगों का गुस्सा और भड़क गया।
लोगों ने कातिलों की गिरफ्तारी की मांग करते हुए जाम लगा दिया। पुलिस ने शव उठाने की कोशिश की तो तीखा विरोध किया। नतीजतन पुलिस को पीछे हटना पड़ा। देर रात तक सीओ और एसडीएम लोगों को समझाने में जुटे थे लेकिन परिजनों ने कह दिया कि मौके पर एसएसपी आकर कातिलों की जल्द गिरफ्तारी का भरोसा दें तब ही शव उठाने दिया जाएगा। आक्रोश को देखते हुए वहां छह थानों की पुलिस फोर्स के साथ ही पीएसी को भी बुलाकर तैनात कर दिया गया।