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बच्चे को लेकर भागी ममेरी बहन

Thu, 21 Jul 2016 01:22 AM IST
अमर उजाला ब्यूरो, इलाहाबाद
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क्राइम - फोटो : अमर उजाला ब्यूरो, इलाहाबाद
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धूमनगंज की अल्का विहार कॉलोनी में रहने वाले एयरफोर्स के कारपोरल कृष्ण प्रताप सिंह की पंद्रह वर्षीय ममेरी बहन बुधवार सुबह उनके दो साल के बेटे ध्रुव को लेकर घर से भाग निकली। वह फटकारे जाने से नाराज थी। उसने भागने से पहले बुधवार सुबह पैसे भी चुराए। बच्चे की मां ने सोचा कि लड़की उसे मुहल्ले में घुमाने ले गई होगी मगर जब वह घंटे भर बाद भी नहीं लौटे और पैसे चोरी होने का पता चला तो पति को जानकारी दी। आसपास खोजबीन के बाद धूमनगंज थाने में सूचना दी गई। वायुसेना पुलिस ने भी शहर में तमाम स्थानों के साथ ही रेलवे स्टेशन और बस अड्डों पर चेक किया, सीसीटीवी फुटेज देखी लेकिन देर रात बच्चे को लेकर भागी लड़की का कुछ पता नहीं चल सका था। देर रात क‌िशोरी बच्चे के साथ पटना अपने घर पहुंच गई। भाई ने देर रात पुल‌िस को बताया  क‌ि क‌िशोरी बच्चे के साथ सकुशल घर आ गई है। इसके बाद पुल‌िस ने राहत की सांस ली।
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मूल रूप से बिहार के सारण जनपद निवासी कारपोरल कृष्ण प्रताप सिंह की तैनाती बमरौली के पास तिवारी तालाब स्थित एयरफोर्स स्टेशन में है। 13 रोज पहले ही वह पत्नी ज्योति, दो साल के बेटे ध्रुव और 15 वर्षीय अपनी ममेरी बहन श्वेता (काल्पनिक नाम) के साथ नई तैनाती पर आए। वे अल्का विहार में किराए के घर में रहने लगे। श्वेता बिहार में वैशाली जनपद की रहने वाली है। उसका परिवार पटना में रहता है जबकि पिता बंगलूरू की एक फैक्ट्री में सुपरवाइजर है। वह हाईस्कूल तक पढ़ाई के बाद कृष्ण प्रताप की पत्नी संग रहने लगी।

बुधवार सुबह ही कारपोरल कृष्ण प्रताप ड्यूटी पर चले गए। करीब आठ बजे ज्योति बाथरूम से बाहर आई तो श्वेता उनके दो साल के बेटे ध्रुव समेत नदारद थी। तब ज्योति ने समझा कि वह बच्चे को घुमाने ले गई है। मगर वह घंटे भर बाद तक नहीं लौटी तो परेशान होकर ज्योति ने बाहर आकर देखा। श्वेता नहीं दिखी तो करीब साढ़े नौ बजे अपने पति कृष्ण प्रताप को फोन से खबर दी। उन्होंने भी आकर पूरे इलाके में देखा मगर श्वेता नहीं मिली। फिर पता चला कि ज्योति के पर्स से एक हजार रुपये गायब हैं। श्वेता ने ही पैसे चुराए और बच्चे के लेकर भाग गई। कृष्ण प्रताप ने पत्नी संग धूमनगंज थाने जाकर पुलिस को लिखित शिकायत की और बताया कि दो रोज पहले उन्होंने श्वेता को डांटा था कि वह अपनी हरकतों में सुधार लाए। इससे नाराज होकर उसने अपने घर में फोन पर रोना रोया था। दंपति ने कल्पना भी नहीं की थी कि वह घर से भाग सकती है और वो भी उनके मासूम बेटे ध्रुव को भी साथ लेकर। 
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इस घटना की जानकारी पाकर सीओ आलोक मिश्रा भी धूमनगंज थाने पहुंच गए। एयरफोर्स पुलिस की टीम भी पहुंच गई। धूमनगंज पुलिस और एयरफोर्स पुलिस की टीम ने पहले तो आसपास के इलाके में गली-मुहल्लों को खंगाला। फिर जंक्शन रेलवे स्टेशन के सभी प्लेटफार्म पर चेक किया क्योंकि शक है कि वह बच्चे को लेकर ट्रेन से बिहार जा सकती है। सीसीटीवी फुटेज भी देखे गए लेकिन कोई सुराग नहीं लग सका। बस अड्डों के साथ ही रात तक कई धर्मशाला, लॉज, शापिंग मॉल और मंदिर को भी देखा गया कि कहीं वह बच्चे को लेकर वहां न बैठी हो। घर में ताला लगाकर देर रात तक कृष्ण प्रताप अपनी रो-बिलख रही पत्नी के साथ बेटे और श्वेता की तलाश में शहर में चौतरफा भटकते रहे। 
 
अल्का विहार कॉलोनी में कारपोरल के किराए के घर से कुछ दूर पर जैद के मकान में सीसीटीवी कैमरे लगे हैं। पुलिस ने फुटेज चेक की तो बुधवार सुबह नौ बजकर 19 मिनट पर श्वेता बच्चे को गोद में लेकर तेज चाल में जाती दिखी। खास बात यह कि वह नंगे पाव थी। यानी वह इस हड़बड़ी में बच्चे को लेकर घर से निकली कि चप्पल भी नहीं पहन सकी। जीटी रोज पर एक पान विक्रेता ने बताया कि उसने जींस-टी शर्ट पहने लड़की को बच्चे को गोद में लेकर टेंपो का इंतजार करते देखा था। फिर उसने ध्यान नहीं दिया कि वह किस गाड़ी से गई और किधर।  
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