हंडिया-कोखराज हाईवे पर शुक्रवार आधी रात बेकाबू ट्रक ने एक बाइक पर सवार तीन युवकों को कुचल दिया। तीनों युवकों की मौके पर ही मौत हो गई। सरायइनायत के छिबैंया गांव में रहने वाले तीन युवक पड़ोसी की बारात में शामिल होकर हंडिया के चकमदा गांव से घर लौट रहे थे। हादसे की खबर युवकों के घर पहुंची तो कोहराम मच गया। एक साथ तीन युवकों की मौत से गांव में मातम का माहौल है।
सरायइनायत में छिबैंया गांव के संगम लाल यादव के बेटे अखिलेश का शुक्रवार को ब्याह था। शाम को बारात झूंसी से चकमदा पहुंची। अखिलेश के पड़ोस में रहने वाले दीपक उर्फ दीपू (19) पुत्र हरिमोहन, रामलखन (23) पुत्र रामबहादुर और शिवपूजन (26) पुत्र राजबली एक ही बाइक से बारात में शामिल होने गए थे। रात में जयमाल और खाने के बाद तीनों बाइक से घर लौट रहे थे। रास्ते में इाईवे पर उतरांव के सौंरा गांव के पास बेकाबू ट्रक ने पीछे से बाइक सवार युवकों को कुचल दिया। ट्रक की चपेट में आकर तीनों की मौके पर ही मौत हो गई। हादसे के बाद चालक और खलासी ऑक्सीजन सिलेंडर लदा ट्रक छोड़कर फरार हो गए।
सूचना पर उतरांव पुलिस मौके पर पहुंची। पुलिस ने मृतकों के पास मिले मोबाइल से फोनकर घरवालों को खबर दी तो कोहराम मच गया। रोते बिलखते परिजन घटनास्थल पर पहुंचे। बाइक दीपू की थी। वह मां-बाप का इकलौता बेटा था। उसके मौत की खबर सुनकर मां निर्मला और पिता हरिमोहन की आंखों से आंसू फूट पड़े। दूसरा रामलखन की गांव में ही चाय-पान की दुकान चलाता था। वह तीन भाइयों में छोटा था। हादसे में मारा गया शिवपूजन राजबली के तीन भाइयों में मंझला था। तीन युवकों की मौत से गांव के लोग भी स्तब्ध हैं। पड़ोस के लोग मृतकों के घर और परिवार वालों को सांत्वना दे रहे थे लेकिन बेटे की मौत से उनकी आंखों से आंसू थमने का नाम नहीं ले रहे थे। उतरांव पुलिस ने तीनों शव पोस्टमार्टम के लिए भेज दिए।
बारात से दीपक, रामलखन और शिवपूजन जब हंडिया से झूंसी के छिबैंया के चले तो हाईवे पर वे रास्ता भटक गए। हंडिया-इलाहाबाद बाईपास से हनुमानगंज के लिए मुड़ने के बजाय काफी आगे निकल गए। काफी दूर जाने के बाद भी बाईपास नहीं मिला तो वे वापस लौटने लगे। रास्ते में ही वे ट्रक की चपेट में आ गए। पोस्टमार्टम हाउस में आए गांव के लोगों में चर्चा थी कि अंधेरे में रास्ता भटकना तीनों के लिए काल बन गया। वे रास्ता नहीं भटकते तो शायद जहां हादसे का शिकार हुए, वहां जाते ही न और उनकी जान बच जाती।
दीपक उर्फ दीपू, शिवपूजन और रामलखन एक तो बाइक पर ट्रिपलिंग कर रहे थे। दूसरे बाइक चला रहे युवक ने हेलमेट भी नहीं पहना था। बाइक चला रहे युवक ने हेलमेट पहना होता तो शायद हादसे में उसकी जान बच जाती।