धोखाधड़ी में पूर्व विधायक सईद अहमद गिरफ्तार
-होटल मालिक से मोटी रकम ली लेकिन जमीन नहीं दी
-चार्जशीट दायर होने के बाद कोर्ट से जारी हुआ वारंट
अमर उजाला ब्यूरो
इलाहाबाद। फूलपुर के पूर्व विधायक सईद अहमद को सिविल लाइंस पुलिस ने रविवार रात उनके निवास से गिरफ्तार कर लिया। होटल मालिक सरदार जोगिंदर सिंह से धोखाधड़ी में दर्ज मुकदमे में पुलिस ने चार्जशीट दायर की थी जिसके बाद अदालत ने वारंट जारी किया था। पूर्व विधायक को कैंट थाने में बैठाया गया है।
होटल मिलन पैलेस के मालिक सरदार जोगिंदर सिंह की अर्जी पर कोर्ट के आदेश पर अगस्त 2014 में फूलपुर के तत्कालीन सपा विधायक सईद अहमद के खिलाफ सिविल लाइंस थाने में धोखाधड़ी, हेराफेरी, जालसाजी का नामजद केस लिखा गया था। सरदार जोगिंदर का आरोप है कि प्रापर्टी के धंधे में शामिल सईद अहमद वर्ष 2007 में सरदार पटेल मार्ग स्थित जमीन बेच रहे थे। उन्होंने भी सईद से 7385 वर्ग जमीन का सौदा किया। बतौर एडवांस उन्हेें 95 लाख रुपये नगद और चेक के जरिए दिए। यह रकम सईद के खाते में जमा हो गई। सईद ने इकरारनामा में लिखा था कि छह महीने में जमीन की रजिस्ट्री कर देंगे। मगर बाद में वह टालमटोल करने लगे। न तो जमीन की रजिस्ट्री की और न पैसे वापस किए। पुलिस ने मुकदमे की विवेचना के बाद अक्तूबर 2016 में चार्जशीट दायर कर दी।
अदालत ने 14 नवंबर 2016 को वारंट जारी किया मगर सईद ने सरेंडर नहीं किया तो पुलिस ने भी कुछ नहीं किया। फिर 25 नवंबर को गैर जमानती वारंट जारी होने पर भी पुलिस ने गिरफ्तारी नहीं की क्योंकि वह सत्ताधारी दल के विधायक थे। सईद ने हाईकोर्ट में गिरफ्तारी पर रोक के लिए अर्जी दी लेकिन उन्हें 30 दिन में संबंधित अदालत में पेश होने का आदेश दिया गया। सईद ने इसकी भी अनदेखी कर दी। फिर उन्होंने सुप्रीम कोर्ट में एसएलपी दाखिल की तो उन्हें फटकार लगी। सरदार जोगिंदर ने इस बाबत मुख्यमंत्री से शिकायत की तो पुलिस हरकत में आई। रविवार रात करीब आठ बजे सीओ सिविल लाइंस श्रीशचंद्र और इंस्पेक्टर सुनील दुबे ने सिविल लाइंस में बस अड्डे के निकट घर में छापा मारकर सईद को गिरफ्तार कर लिया। पुलिस सोमवार को उन्हें अदालत में पेश करेगी। इंस्पेक्टर ने बताया कि सिविल लाइंस थानेे का लॉकअप खराब होने की वजह से उन्हें कैंट थाने में बैठाया गया है।