खुफिया एजेंसियां अलर्ट, आरएएफ भी रही मुस्तैद
-एसटीएस और एटीएस के साथ क्राइम ब्रांच ने रखी निगरानी
-सर्किट हाउस, हाईकोर्ट और संगम पर आरएएफ की तैनाती
अमर उजाला ब्यूरो
इलाहाबाद। राष्ट्रपति के शहर में कार्यक्रम के दौरान खुफिया और सुरक्षा एजेंसियां हाई अलर्ट पर हैं। शुक्रवार को राष्ट्रपति के शहर आगमन से तीन रोज पहले ही केंद्रीय और राज्य खुफिया शाखाओं के गुप्तचरों ने बमरौली से लेकर संगम और एमएनएनएनआईटी परिसर तक निगरानी बढ़ा दी थी। एंटी सबोटाज चेक टीम के साथ ही बम डिस्पोजल स्कवायड के साथ स्निफर डॉग और मेटल डिटेक्टर से हर उस स्थान की बारीक जांच की गई जहां राष्ट्रपति का कार्यक्रम प्रस्तावित रहा। कई जिलों की पुलिस और पीएसी के साथ ही रैपिड एक्शन फोर्स को भी सर्किट हाऊस, संगम, हाईकोर्ट के इर्द-गिर्द मुस्तैद किया गया। रात में भी सुरक्षा बल सतर्क रहे।
राष्ट्रपति के दो दिवसीय कार्यक्रम के दौरान सुरक्षा व्यवस्था के लिए हफ्ते भर से ही रात-दिन मंथन किया जा रहा था। दो दिन पहले आठ जिलों से पुलिस अधिकारी और दरोगा-सिपाही इलाहाबाद आ गए। सबसे ज्यादा फोर्स परिक्षेत्र के जनपदों कौशाम्बी, प्रतापगढ़, फतेहपुर से आया है। बमरौली से सर्किट हाऊस, एमएनएनआईटी से चंद्रशेखर आजाद पार्क और संगम तक कड़ा सुरक्षा घेरा कसा गया है। गुप्तचरों ने हर तरफ पैनी नजर बना रखी है। हर गतिविधि और संदिग्ध व्यक्ति की टोह ली जा रही है। लखनऊ से आए एडीजी सिक्योरिटी, एडीजी कानून-व्यवस्था के साथ ही एटीएस तथा एसटीएफ के एसपी भी वीवीआईपी रूट से लेकर कार्यक्रम स्थलों तक निरीक्षण किया और सुरक्षा से जुड़े हर पहलू पर बारीक रणनीति तैयार की। एसटीएफ और एटीएस के कमांडो भी अहम स्थलों पर मुस्तैद कर दिए गए। शुक्रवार शाम से रैपिड एक्शन फोर्स को सर्किट हाऊस के साथ ही हाईकोर्ट के आसपास और संगम पर तैनात कर दिया गया जहां शनिवार को राष्ट्रपति का कार्यक्रम प्रस्तावित है।