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Prayagraj : गाजी मियां के जेठ मेले पर रोक बेअसर, रौनक के बीच अकीदतमंदों ने चढ़ाईं चादरें

Sun, 18 May 2025 07:08 PM IST
विनोद सिंह अमर उजाला नेटवर्क, प्रयागराज

सार

सोहबतियाबाग में गाजी मियां के रौजे पर हर साल लगने वाले जेठ मेले पर रोक के बावजूद रविवार को मेले जैसी रौनक रही। पुलिस-प्रशासन की सख्ती की वजह से यहां पिछले साल की तरह व्यवस्था नहीं की गई थी। इसके बावजूद दिनभर बड़ी संख्या में अकीदतमंद पहुंचते रहे।
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सोहबतियाबाग में गाजी मियां के रौजे पर उमड़ी अकीदतमंदों की भीड़। - फोटो : अमर उजाला।
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विस्तार
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सोहबतियाबाग में गाजी मियां के रौजे पर हर साल लगने वाले जेठ मेले पर रोक के बावजूद रविवार को मेले जैसी रौनक रही। पुलिस-प्रशासन की सख्ती की वजह से यहां पिछले साल की तरह व्यवस्था नहीं की गई थी। इसके बावजूद दिनभर बड़ी संख्या में अकीदतमंद पहुंचते रहे। हालांकि उतनी भीड़ नहीं जुटी, जितनी हर साल के जेठ मेले में होती रही है। रौजे पर पहुंचे लोगों ने फूल-माला और चादरें चढ़ाकर दुआ मांगी।

मजार के बाहरी हिस्से से लेकर अंदर तक पुलिस मुस्तैद रही। पुलिस के जवान कई जगहों पर सादे लिवास में भी मौजूद रहे। पिछले दो महीने के दौरान हर रविवार की तरह की इस बार भी पुलिस ने सड़क पर न तो फूल-माला-चादर की दुकानें लगने दी और न ही कोई वाहन खड़ा होने दिया। गलियों में कुछ लोग घरों से ही फूल-माला और चादर की बिक्री करते नजर आए।

सड़क पर दुकानें नहीं लगाने देने से दुकानदारों की बिक्री पर असर पड़ रहा है। इससे दुकानदार काफी मायूस हैं। वहीं, कई लोगों ने गाजी मियां के रौजे के प्रति आस्था जताई। चादरें और फूल चढ़ाने वालों का कहना था कि यहां जो दुआ मांगते हैं, वह पूरी होती है। इसलिए यहां हाजिरी लगाने आते रहते हैं। रौजा कमेटी के पदाधिकारियों ने स्वीकार किया कि इस बार हर बार जैसा मेला भले नहीं लगा, लेकिन रौनक मेले से कमतर नहीं रही है। कमेटी की ओर से रौजा स्थल पर इतनी सुवधाएं दी गईं थीं,ताकि किसी को परेशान न होना पड़े।

 

जेठ मेले में किसी तरह की अव्यवस्था न हो, इसके लिए हम हमेशा पुलिस-प्रशासन का पूरा सहयोग करते रहे हैं। मजार पर सभी धर्मों के लोग फूल-माला और चादर चढ़ाने आते हैं। सड़क पर आवाजाही में किसी को दिक्कत नहीं हो, इसका पूरा ध्यान रखा गया था। - अखलाक हुसैन, मुतवल्ली-गाजी मियां रौजा।

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