मुख्यमंत्री अखिलेश यादव ने भी काज़मी के घर पहुंचकर उनके शोकाकुल परिजनों
को ढांढस बंधाया। उन्होंने दिलासा दी कि दुख की इस घड़ी वह और समाजवादी
पार्टी उनके परिवार केसाथ है। इस मौके पर उन्होंने कहा कि काज़मी जैसे योग्य
अधिवक्ता का इस प्रकार से अचानक चले जाना उनके परिवार के लिए बड़ा सदमा
है। वह समाजवादी पार्टी से लंबे समय से जुड़े रहे हैं उनके निधन से पार्टी
और मुझे बेहद दुख पहुंचा है। काज़मी न सिर्फ एक काबिल वकील थे बल्कि बड़े
विद्वान थे और हर क्षेत्र में उनकी दखल थी। उनका निधन अपूरणीय क्षति है
जिसकी भरपाई कभी नहीं हो सकती है। मुख्यमंत्री दिन में करीब 12 बजे काजमी
के आवास पर पहुंचे और करीब 20 मिनट तक परिवार के साथ रहे। उन्होंने काजमी
की पत्नी, बेटे और बेटियों से बात की तथा उनको दिलासा दी। इस मौके पर राजा
भइया, पूर्व सांसद अतीक अहमद, परवेज टंकी आदि भी साथ थे।