पांच लाख के इनामी फरार गुड्डू मुस्लिम का अभी तक कुछ पता नहीं चल सका है। वहीं, मंगलवार को एक वीडियो वायरल हुआ। वीडियो गुड्डू मुस्लिम के नाम से वायरल हुआ। वीडियो ओडिशा का बताया गया। बाद में पता चला की वीडियो फर्जी है।
माफिया अतीक अहमद और अशरफ की हत्या के बाद पुलिस गुड्डू मुस्लिम की तलाश कर रही है। मंगलवार सुबह एक वीडियो वायरल हुआ, जिसके बारे में कहा गया कि वीडियो में दिख रहा व्यक्ति गुड्डू मुस्लिम है। वीडियो 11 अप्रैल का बताया गया। हालांकि, बाद में वीडियो फर्जी साबित हुआ।
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वीडियो में दिख रहे शख्स ने खुद सामने आकर बताया कि यह गुड्डू मुस्लिम का नहीं उसका वीडियो है। सोशल मीडिया पर मंगलवार को एक वीडियो बहुत तेजी से वायरल हुआ, जिसमें एक व्यक्ति दिख रहा है। उसके बारे में बताया गया कि वीडियो में दिख रहा व्यक्ति गुड्डू मुस्लिम है।
शरीर की बनावट और चाल ढाल से वह गुड्डू मुस्लिम लग भी रहा था। वीडियो के साथ मैसेज में यह भी बताया गया कि वीडियो 11 अप्रैल का है जब वह ओडिशा में शरण लिए था। शाम तक एक और वीडियो वायरल हुआ, जिसमें एक व्यक्ति ने अपना नाम शेख हबीब मोहम्मद बताया।
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उसने बताया कि वीडियो में दिख रहा शख्स गुड्डू मुस्लिम नहीं बल्कि वह है। वह जब नमाज पढ़ने जा रहा था, यह तब का वीडियो है। वह ओडिशा का ही रहने वाला है। हबीब का कहना था कि दिन में उसके पास यह वीडियो आया तो वह हैरान रह गया।
उमेश के कत्ल से पहले दिल्ली में इस शख्स से मिला था गुड्डू मुस्लिम
उमेश और अतीक-अशरफ हत्याकांड के बाद मोस्ट वांटेड गुड्डू मुस्लिम के बारे में अहम खुलासा हुआ है। पता चला है कि पांच लाख का यह इनामी उमेश पाल हत्याकांड से पहले दिल्ली गया था। वहां जाकर वह खालिद से मिला था जो असद का दोस्त था।
अब सवाल यह उठ रहा है कि गुड्डू कहीं उन असलहों की सप्लाई लेने खुद तो नहीं गया था, जो अंतरराज्यीय असलहा सप्लायर से मंगवाए गए थे। उमेश पाल की हत्या के बाद असद व गुलाम ने दिल्ली में शरण ली थी और इसमें उनकी मदद असद के पुराने दोस्त खालिद ने की थी। खालिद को दिल्ली पुलिस ने उसके दो दोस्तों जीशान व जावेद को अवैध असलहों संग पकड़ा था।
खास बात यह है कि उन्हें उस असलहा सप्लायर की निशानदेही पर पकड़ा गया, जो कुछ दिनों पहले दिल्ली पुलिस की स्पेशल सेल ने विदेशी असलहों संग पकड़ा गया था। उसने सनसनीखेज खुलासा किया था कि खालिद ने उससे 10 विदेशी असलहों की सप्लाई ली थी।
अब यह बात सामने आई है कि अवतार के पकड़े जाने से पहले गुड्डू मुस्लिम दिल्ली जाकर खालिद से मिला था। यह उमेश पाल की हत्या से पहले की बात है। ऐसे में सवाल यही उठ रहे हैं कि क्या गुड्डू उन असलहों की सप्लाई लेने गया था। फिलहाल यूपी पुलिस के साथ ही वह दिल्ली पुलिस की भी वांटेड लिस्ट में है।
उमेश पाल हत्याकांड में फरार गुड्डू मुस्लिम को लेकर एक और बात सामने आई है। चर्चा है कि वारदात के बाद उसने कौशांबी में शरण ली थी। वह दो दिन तक पिपरी के अवघन स्थित एक फार्म हाउस में छिपा रहा था। भनक लगने पर फोर्स ने छापा भी मारा, लेकिन इससे पहले ही वह निकल भागा था। हालांकि, इसकी पुष्टि नहीं हो सकी है।
चर्चा यह भी है कि गुड्डू मुस्लिम को कौशांबी स्थित फार्म हाउस में शरण दिलाने में राजूपाल हत्याकांड के शूटर अब्दुल कवि ने मदद की थी। इस काम में उसका सहयोग अवघन में रहने वाले दो सगे भाइयों ने किया था। उन पर आपराधिक मुकदमे दर्ज हैं और अक्सर उनकी तस्वीरें व वीडियो अतीक, अशरफ व गैंग के अन्य सदस्यों संग सामने आती रहती थीं। दोनों का एक ठिकाना करेली में भी है। हालांकि, फिलहाल इस सूचना की आधिकारिक पुष्टि नहीं हो सकी है। उधर, पुलिस अफसर इस मामले में कुछ भी बोलने को तैयार नहीं हैं।