जिला न्यायालय ने एक मामले की सुनवाई करते हुए ट्रायल से पूर्व ही आरोप के स्तर पर आरोपी को बरी कर दिया। आरोपी वीरेंद्र भारतीय की पैरवी चीफ डिफेंस काउंसिल विकास गुप्ता कर रहे थे।
आरोपी वीरेंद्र भारतीय की ओर से जिला विधिक सेवा प्राधिकरण के मुख्य प्रतिरक्षा अधिवक्ता ने विस्फोटक पदार्थ अधिनियम के मामले में विशेष न्यायालय के समक्ष उन्मोचन प्रार्थना पत्र दाखिल किया था। इसमें कहा गया था कि जिला अधिकारी से अभियोजन स्वीकृति नहीं ली गई है। साथ ही पत्रावली पर एफएसएल रिपोर्ट भी उपलब्ध नहीं है। कोर्ट ने उन्मोचन प्रार्थनापत्र स्वीकार करते हुए आरोपी वीरेंद्र को थाना सरांयइनायत में दर्ज विस्फोटक पदार्थ अधिनियम के मामले में बरी करते हुए रिहा करने का आदेश जारी किया।