अलीगढ़ में सिविल लाइंस क्षेत्र के दोदपुर अनुसूचित आबादी की बस्ती के शिव मंदिर में शनिवार रात चोरी के इरादे से घुसे गैर समुदाय के युवक ने मूर्तियों को खंडित कर दिया। इससे वहां बखेड़ा खड़ा हो गया, हालांकि आरोपी को मौके पर ही पकड़ कर पुलिस के हवाले कर दिया गया। महाशिवरात्रि की रात में हुई इस घटना पर भाजपा नेताओं ने तीखी प्रतिक्रिया दी और थाने पहुंचकर हंगामा किया। नेताओं ने साफ कहा कि अगर 24 घंटे में नई मूर्तियां नहीं स्थापित हुईं तो आंदोलन किया जाएगा।
सिविल लाइंस थाने के ठीक पीछे अनुसूचित आबादी की बस्ती में प्राचीन शिव मंदिर है। जिसमें शनिवार रात इलाके का ही मो.सैफ चोरी के इरादे से घुस गया और उसने दानपात्र में से चोरी कर ली। इसी बीच मोहल्ले के कुंवरपाल की नजर पड़ी, तो उसने शोर मचाया। इस बीच आरोपी ने मंदिर में मूर्तियों को खंडित कर दिया। शोरशराबे पर जनता एकत्रित हो गई और आरोपी को मौके पर ही दबोच लिया गया। लोगों ने उसे जमकर पीटा और पुलिस के हवाले कर दिया।
पुलिस ने खंडित मूर्तियों को जहां की तहां चिपकवा दिया। इस खबर पर सुबह भाजपा नेता हेमंत गर्ग साथियों संग थाने पहुंचे और इंस्पेक्टर से मुलाकात कर इस बात पर नाराजगी जताई कि आखिर नई मूर्तियां क्यों नहीं लगवाई गईं। यहां सीधे-सीधे चेतावनी दी गई कि अगर अगले 24 घंटे में मूर्तियां नहीं बदलीं तो आंदोलन होगा।
मामले में कुंवरपाल की तहरीर पर आरोपी सैफ पर मुकदमा दर्ज कर उसे जेल भेजा गया है। सीओ तृतीय शिव प्रताप सिंह के अनुसार आरोपी नशे मे था, उसे जेल भेजा गया है। मूर्तियां खंडित नहीं हुईं, बल्कि गिर गई हैं। उन्हें सुरक्षित रखवा दिया गया है।
पुलिस ने नई प्रतिमा लगवाईं
इस मामले में दोपहर में मोहल्ले व समाज के लोगों के सहयोग से नई प्रतिमा लगवा दी हैं। यह जानकारी देते हुए पुलिस ने बताया कि लोगों के सहयोग से नई प्रतिमा लगवाई गई हैं। इधर, पकड़े गए आरोपी का पहले से आपराधिक रिकार्ड है। उस पर क्वार्सी व सिविल लाइंस में पहले से मुकदमे दर्ज हैं।
यह जानबूझकर की गई साजिश
इस मामले में अखिल भारत हिंदू महासभा के प्रवक्ता डा.अशोक पांडेय ने बताया कि यह जानबूझकर की गई साजिश है। प्रदेश में इस तरह की घटनाएं एक साजिश के तहत की जा रही हैं। इन पर अगर अंकुश नहीं लगा तो आने वाले समय में अच्छे परिणाम नहीं होंगे। इस पर पुलिस सख्ती से अंकुश लगाए।