गांव जहराना में शिविर लगाकर मरीजों का स्वास्थ्य परीक्षण करती टीम। संवाद
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मंगलवार की रात गांव जहराना में डेंगू से एक युवक की मौत हो गई। खबर पाकर बुधवार को सीएमओ डॉ. नीरज त्यागी गांव पहुंचे। स्वास्थ्य विभाग की टीम के जरिये उन्होंने बुखार पीड़ितों की जांच कराने के साथ ही दवा का वितरण कराया। चार डेंगू संदिग्ध मरीजों के सैंपल लिए गए। साथ ही स्वास्थ्य टीम को गांव में सक्रिय रहने का निर्देश दिया।
गांव निवासी राजेश चौहान के 22 वर्षीय पुत्र चेतन चौहान को चार दिन से बुखार था। परिजन उन्हें अलीगढ़ शहर के एक निजी अस्पताल में ले गए जहां जांच में डेंगू की पुष्टि हुई। इस पर परिजन मंगलवार की देर शाम उन्हें एंबुलेंस से नोएडा ले जा रहे थे लेकिन रात आठ बजे टप्पल के पास ही उनकी मौत हो गई।
डेंगू से युवक की मौत की खबर पर बुधवार को सीएमओ डॉ. नीरज त्यागी पहुंच गए। उन्होंने गांव में बुखार पीड़ितों की जांच करवाई। स्वास्थ्य टीम ने गांव में 75 बुखार पीड़ितों को देखा। 40 मरीजों की स्लाइड बनाई गई। सीएमओ ने अपने आसपास सफाई और फ्रिज आदि को साफ रखने पर जोर दिया। कहा कि निजी पैथ लैब में जांच न करवाएं।
अप्रशिक्षित डॉक्टरों के बजाय सरकारी अस्पतालाें में ही दवाएं लें। कहा कि निजी पैथ लैब से डेंगू की गलत सूचना दी गई तो सख्त कार्रवाई की जाएगी। सीएचसी प्रभारी डॉ. कुलदीप राजपुरी, जितेंद्र कुमार, अब्दुल मुनाफ, श्याम बिहारी ने टीम के साथ गांव में शिविर लगाकर दवाएं बांटी।