गणतंत्र दिवस पर अलीगढ मुस्लिम विश्वविद्यालय में धार्मिक नारे लगाने के मामले में इंतजामिया ने पश्चिम बंगाल के एएमयू छात्र की पहचान की है और उसे सस्पेंड कर दिया गया है। मामले की जांच के लिए तीन सदस्यीय कमेटी भी गठित कर दी गई है। कमेटी पांच दिनों में अपनी जांच रिपोर्ट सोंपेगी।
बीए प्रथम वर्ष का है निष्कासित छात्र
एएमयू के प्रोक्टर प्रो मोहम्मद वसीम अली ने बताया कि सर सयैद हॉल साउथ में गणतंत्र दिवस कार्यक्रम के बाद नारे लगाने वाले वायरल वीडियो को संज्ञान में लेते हुए आफताब हॉल के बीए प्रथम वर्ष के छात्र वहीदउज्मान को सस्पेंड कर दिया गया है। यह छात्र पश्चिम बंगाल के माएदा का रहने वाला है।
तीन सदस्यीय जांच समिति गठित
गणतंत्र दिवस पर नारेबाजी के मामले पर एएमयू रजिस्ट्रार मोहम्मद इमरान ने कार्यालय आदेश जारी किया है। मामले की जांच के लिए तीन सदस्यीय कमेटी बनाई गई है, जो पांच दिन में अपनी रिपोर्ट सोंपेगी। जांच कमेटी में मैकेनिकल इंजीनियरिंग विभाग के प्रो अरशद हुसैन खान, हिंदी विभाग के अजय बिसारिया और सिविल इंजीनियरिंग विभाग के प्रो फरीद मेहदी को रखा गया है।
यह था मामला
गणतंत्र दिवस पर एएमयू कैंपस में कुछ एनसीसी कैडेट्स ने एएमयू जिंदाबाद के साथ धार्मिक नारा, नारा-ए-तकवीर अल्लाह हू अकबर भी बोला। इसका एक वीडियो सोशल मीडिया में आया, तो एएमयू के पूर्व छात्र और भाजपा नेता डॉ निशित शर्मा ने ट्विटर पर अलीगढ़ पुलिस और एसएसपी कलानिधि नैथानी को टैग करते हुए शिकायत की थी।