तहसील मुख्यालय पर बुधवार सुबह हर घर तिरंगा अभियान के तहत तिरंगा यात्रा के निकलने से पहले विवाद हो गया। अनुमति न होने का हवाला देकर इंस्पेक्टर ने तिरंगा यात्रा न निकलने देने की चेतावनी दे दी और पीएसी तैनात कर दी। आरोप है कि पीएसी कर्मियों ने गले में पड़े तिरंगे पटके उतरवा दिए थे। जानकारी मिलने पर सांसद के दखल पर आनन - फानन में एसडीएम स्तर से अनुमति जारी कराई, तब तिरंगा यात्रा निकाली गई।
भाजयुमो व भाजपा द्वारा संयुक्त रूप से इस यात्रा का 11 बजे सांसद सतीश गौतम को करना था। यात्रा प्रभारी विपिन कुमार सिंह के अनुसार यात्रा निकाले के लिए कार्यकर्ता एकत्रित हुए थे। करीब 9:30 बजे इंस्पेक्टर ने फोन कर बताया कि बिना अनुमति के यात्रा निकाली तो मुकदमा दर्ज करा दिया जाएगा। इस पर विपिन ने कहा कि देश में कहीं भी अनुमति नहीं ली जा रही। इस पर इंस्पेक्टर जिद पर अड़ गए और कुछ ही देर में वहां पीएसी लेकर पहुंच गए। आरोप है कि इंस्पेक्टर के इशारे पर पीएसी कर्मियों ने अभद्रता की तो गले में तिरंगे पटके डालकर खड़े युवकों के गले से पटके उतरवा दिए।
इस घटनाक्रम की जानकारी मिलने पर सांसद ने एसडीएम से वार्ता की तो एसडीएम ने अनुमति न होने का हवाला दिया। इसी बीच वहां भाजपा जिला उपाध्यक्ष गौरव शर्मा को मौके पर भेजा। साथ में वहां पूर्व विधायक पौत्र ठा. अजय सिंह, चंडौस प्रमुख रेशमपाल सिंह आदि भी पहुंच गए। सांसद के कहने पर तत्काल आयोजक भाजपा जिला मंत्री विनय सिंह की ओर से अनुमति के लिए एसडीएम को आवेदन दिया गया। उन्होंने उसी आवेदन पर अनुमति जारी कर दी। इसी के बाद पुलिस की निगरानी में यात्रा निकाली गई।
दो यात्राएं एक दिन निकलनी थीं। इसलिए कहीं विवाद न हो, इसी उद्देश्य से इन्हें बिना अनुमति यात्रा न निकलने की चेतावनी पुलिस की ओर से दी गई। पुलिस से वार्ता के बाद 9:30 से 10 बजे के मध्य लिखित अनुमति दे दी गई। पटका उतरवाने या जबरन रोकने जैसे आरोप निराधार हैं। ऋषभ पुंढीर, एसडीएम, गभाना
- एक ही क्षेत्र में भाजपा व कांग्रेस की यात्राएं थीं। इसलिए पहले कांग्रेस की यात्रा को रोका गया था। भाजपा के लोगों से तिरंगा यात्रा की अनुमति न होने की बात कही गई। उनके द्वारा अनुमति आवेदन किया गया और फिर यात्रा निकली। यह सब आयोजन शुरू होने से पहले का वाकया है। - मोहसिन खान, सीओ गभाना
-अनुमति का हवाला देकर इंसपेक्टर ने इकलौते गभाना में तिरंगा यात्रा रोकी, पटके उतरवाए गए और कार्यकर्ताओं से अभद्रता की गई। जबकि अन्य स्थानों पर अनुमति नहीं ली गई। कार्यकर्ताओं के मोबाइल भी बंद करा दिए। यह सब अनुचित है।-गौरव शर्मा, जिला उपाध्यक्ष भाजपा
किस आदेश पर रोकी यात्रा, सांसद ने मांगा लिखित जवाब
अलीगढ़। गभाना भाजपा मंडल द्वारा निकाली जा रही तिरंगा यात्रा को अनुमति के नाम पर रोके जाने पर सांसद सतीश गौतम ने गंभीरता से लिया है। उन्होंने इस संबंध में बताया कि यात्रा प्रभारी उपाध्यक्ष गौरव शर्मा, संयोजक विपिन कुमार सिंह, अजय सिंह, मंडल अध्यक्ष महेश शर्मा आदि यात्रा की तैयारी में जुटे थे। इसी दौरान एसडीएम ने यात्रा को रोका है, जबकि देश व प्रदेश में आजादी के अमृत महोत्सव के तहत यात्राएं निकाली जा रही हैं। इस मामले में उनके द्वारा अधिकारियों से वार्ता की गई। तब यात्रा निकाली गई। इस मामले में सांसद ने मंडलायुक्त, डीएम, एडीएम सिटी, एसएसपी आदि को पत्र लिखकर लिखित में यज जानकारी मांगी है कि यह यात्रा किन कारणों से और किसके आदेश पर रोकी गई। उन्होंने 15 दिन में इस पर लिखित जवाब मांगा है।