करवन नदी के डायवर्जन पर हुए अवैध निर्माण को ध्वस्त करने के लिए प्रशासन और सिंचाई विभाग की संयुक्त टीम ने रविवार सुबह चार बजे तक बुलडोजर चलाए। यह कार्रवाई शनिवार दोपहर करीब एक बजे से लेकर रविवार की सुबह चार बजे तक चली। इस दौरान प्रशासन ने सुरक्षा की दृष्टि से आसपास के थानों की पुलिस के अलावा पीएसी को भी तैनात कर रखा था। पूरी तरह से अवैध निर्माण ध्वस्त होने के बाद ही सिंचाई विभाग और प्रशासन की टीम वापस लौटीं।
कस्बा स्थित महाबली कंपलेक्स के निकट करवन नदी के डायवर्जन नदी का सौंदर्यीकरण नगर पालिका खैर की ओर से कराया गया था। जिसका लोकार्पण प्रदेश सरकार के राजस्व राज्य मंत्री अनूप प्रधान और सांसद सतीश गौतम ने किया था। जिसे अवैध बताते हुए इसकी शिकायत पूर्व विधायक प्रमोद गौड़ ने प्रशासन और शासन में की थी। जांच के दौरान इस निर्माण को अवैध करार दिया गया। उसी के बाद इसको ध्वस्त करने की प्रक्रिया शुरू की गई। इसी क्रम में बुलंदशहर सिंचाई खंड के अधिशासी अभियंता विनोद कुमार सिंह के साथ एसडीएम अनिल कटिहार, सीओ राकेश सिसोदिया नगर पालिका अधिशासी अधिकारी संदीप सक्सेना पुलिस बल के साथ चार बुलडोजर से ध्वस्त कराने में जुट गए। रविवार सुबह
चार बजे तक चार जेसीबी की मदद से 141 मीटर लंबे डायवर्जन को कब्जा मुक्त कराया ।