जैन समाज के सम्मानीय पदाधिकारियों का नाम लिया। संबोधन का विशलेषण किया जाए अखिलेश ने अपने पिता के संघर्ष और उपलब्धियों के साथ उनकी कार्यशैली का जिक्र किया। वह स्थानीय नेता जो इस बात का इंतजार कर रहे थे कि मुख्यमंत्री उनके नाम का जिक्र अपने संबोधन में करेंगे, उनको निराशा ही हाथ लगी।