फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

राम-रावण हैं स्नातक तो हनुमान हैं इंटर पास

सार

शहर के रामलीला मैदान में सोमवार से श्री रामलीला गौशाला कमेटी के तत्वावधान में रामलीला महोत्सव शुरू होगा।लक्ष्मण का किरदार निभाने वाले राहुल चतुर्वेदी भी स्नातक हैं।स्नातक पास रावण का किरदार निभाकर मंच पर अपनी मौजूदगी का अहसास कराने वाले सुनील चतुर्वेदी इस बार भी अपनी छाप छोड़ेंगे।
विज्ञापन
रामलीला मैदान में रामलीला आयोजन की चल रही तैयारियां। - फोटो : CITY OFFICE
विज्ञापन

विस्तार
वॉट्सऐप चैनल फॉलो करें

शहर के रामलीला मैदान में सोमवार से श्री रामलीला गौशाला कमेटी के तत्वावधान में रामलीला महोत्सव शुरू होगा। रामलीला मंचन की तैयारियां पूरी हो चुकी हैं। राम, लक्ष्मण एवं रावण का किरदार निभाने वाले कलाकार स्नातक हैं, जबकि हनुमान का किरदार निभाने वाले कलाकार ने इंटरमीडिएट तक की शिक्षा ग्रहण की है। गत वर्षों की भांति इस बार भी सीता का किरदार महिला कलाकार ही अदा करेंगी। रामलीला का मंचन मथुरा का आदर्श रामलीला मंडल करेगा।
विज्ञापन

रामलीला में राम बनने वाले सूरज चतुर्वेदी स्नातक हैं। उनका कहना है कि मर्यादा पुरुषोत्तम श्रीराम का किरदार करते समय मन में स्वयं ऐसे विचार और भावना उत्पन्न होती है, जिससे किरदार मंच पर सजीव हो जाता है। लक्ष्मण का किरदार निभाने वाले राहुल चतुर्वेदी भी स्नातक हैं। उन्होंने बताया कि करीब सात साल से वे रामलीला में मंचन कर रहे हैं। हनुमान का किरदार निभाने वाले विजय चतुर्वेदी ने भले ही इंटर तक की पढ़ाई की हो लेकिन मंच पर अपनी कला से हर किसी का मन मोह लेते हैं। स्नातक पास रावण का किरदार निभाकर मंच पर अपनी मौजूदगी का अहसास कराने वाले सुनील चतुर्वेदी इस बार भी अपनी छाप छोड़ेंगे। केवट व नारद की भूमिका निभाने पुनीत चतुर्वेदी भी किसी से कम नहीं हैं। इस बार आयोजन समिति ने अधिक धनराशि देकर मंडली को बुक कराया है। वहीं, रावण का पुतला बनाने में भी महंगाई का असर दिख रहा है।
45 साल से कर रहे रामलीला का मंचन
मथुरा की आदर्श रामलीला मंडल के संचालक 50 वर्षीय राघवेंद्र शास्त्री ने अमर उजाला को बताया कि उन्होंने पांच साल की उम्र से ही पिता के निर्देशन में रामलीला का मंचन शुरू कर दिया था। पूरे साल देेश भर में रामलीला का मंचन होता रहता है। अब तक गुजरात, राजस्थान, दिल्ली, मुंबई में वे हनुमान, परशुराम का किरदार निभाकर अपनी प्रतिभा का प्रदर्शन कर चुके हैं। हालांकि अब वे कोई किरदार नहीं निभाते हैं। उन्होंने बताया कि इस बार अलीगढ़ में आठवीं बार रामलीला मंचन के लिए आ रहे हैं। मंडली में 30 कलाकार हैं। उन्होंने बताया कि रामलीला ध्वज निकलने के बाद सदस्य प्याज, लहसुन, फास्ट फूड आदि का त्याग कर देते हैं। एक माह तक जमीन पर सोते हैं और सादगी से जीवन यापन करते हैं।
विज्ञापन
विज्ञापन
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें