डॉक्टरों की कमी से जूझते जिला स्तर के अस्पतालों में मंगलवार को कोविड का मॉक ड्रिल होना है। इससे ऐन एक दिन पहले यानि सोमवार को यहां जिला अस्पताल में मरीज आपस में भिड़ गए। इस दौरान एक दूसरे की बारी को लेकर महिलाओं में विवाद हो गया। किसी तरह अस्पताल स्टाफ ने विवाद शांत कराया और मरीजों को उपचार के बाद घर भेजा गया।
यहां बता दें कि तीन दिन से अवकाश के चलते अस्पताल बंद थे। शनिवार को भी हाफ डे के लिए ओपीडी खुली थी। सोमवार को जैसे ही अस्पताल खुले तो सुबह से ही ओपीडी में खासी भीड़ उमड़ पड़ी। इसे ध्यान में रखकर पहले से डॉक्टर दोनों अस्पताल में मुस्तैद थे। सभी के अवकाश निरस्त थे। मगर मरीजों की भीड़ के चलते व्यवस्थाएं चरमराई रहीं। आलम ये था कि मारामारी के हालात थे।
दीनदयाल में तो ओपीडी में जैसे तैसे व्यवस्थाओं को दुरुस्त रख मरीजों को उपचार दिया गया। मगर जिला अस्पताल की ओपीडी में लाइन में लगे मरीजों को बाईपास कर कुछ अन्य मरीजों को देखने पर वहां महिला मरीज आपस में ही भिड़ गए। एक दूसरे से तनातनी के हालात हो गए। आरोप लगने लगा कि डॉक्टर सिफारिश पर मरीजों को देख रहे हैं। बाद में स्टाफ ने ही विवाद शांत कराया। तब जाकर हालात सामान्य हुए। इधर, बता दें कि मंगलवार को स्वास्थ्य विभाग द्वारा कोविड का मॉक ड्रिल किया जाना है। जिसकी तैयारियां चल रही हैं। अब देखना है कि ऐसे हालात में मॉक ड्रिल का क्या हाल होगा।