भड़का कर वोट लेने की चाल है दादरी कांडः कल्बे सादिक
अमर उजाला ब्यूरो
अलीगढ़। दादरी के अखलाक की हत्या के पीछे राजनीतिक फायदा लेने की सोच है। जज्बात भड़काकर कुछ लोग वोट हासिल करना चाहते हैं। ऐसे किसी कांड में आप एक इंसान को तो मार सकते हो, लेकिन मुसलमान को नहीं। यह कहना है शिया धर्मगुरु मौलाना कल्बे सादिक का। उन्होंने कहा कि पलटकर जवाब न देने का नाम मुसलमान है। मुसलमान अत्याचार के खिलाफ लड़ता है धर्म के खिलाफ नहीं। रविवार को अलीगढ़ में एक मजलिस को खिताब करने आए मौलाना कल्बे सादिक ने पत्रकारों से कहा कि दादरी के अखलाक की हत्या सियासी फायदा लेने के लिए की गई है। पहले दिन से अब तक सिर्फ सियासत हो रही है। उन्होंने कहा कि गाय हिंदू-मुसलमान सब के लिए बराबर का दर्जा रखती है। लेकिन उसे दूसरा ही रूप दिया जा रहा है। शक की बुनियाद पर मर्डर कर दिया जाता है। लोकसभा चुनावों के दौरान साक्षी महाराज ने हिंदुस्तान से मुसलमानों को खत्म करने की बात कही थी इस सवाल के जवाब में उन्होंने कहा कि आप किसी एक इंसान को मार सकते हो, लेकिन मुसलमानों को नहीं। मुसलमान की इंसानियत कभी नहीं मर सकती। मुसलमानों ने कभी भी धर्म के खिलाफ लड़ाई नहीं लड़ी है। इतिहास को पलटकर देखा जा सकता है। जो भी लड़ाई लड़ी गई वो अत्याचार के खिलाफ हुई है। दादरी कांड पर पीएम मोदी की खामोशी पर उनका कहना था कि उनकी चुप्पी पर हम भी चुप हैं।