महानगर के रामघाट रोड इलाके में मंगलवार की रात एएमयू के पूर्व छात्र व उसके साथी को गोली मारकर जख्मी करने के आरोपी पांचों रंगबाज पुलिस की गिरफ्त में आ गए हैं। घटना के बाद 20 घंटे के अंदर पुलिस ने इन सभी की गिरफ्तारी कर ली। वहीं इस घटनाक्रम में इलाकाई पुलिस की शिथिलता पर तगड़ी कार्रवाई करते हुए एसएसपी स्तर से इंस्पेक्टर क्वार्सी व चौकी प्रभारी रामघाट रोड को निलंबित कर दिया गया है। इसके साथ ही सेंटर प्वाइंट चौकी प्रभारी को लाइन हाजिर किया गया है।
इधर, रात हुए इस घटनाक्रम में जख्मी दोनों युवकों का अभी उपचार चल रहा है। इसमें से एक की हालत खतरे से बाहर है, जबकि दूसरे पर चिकित्सक लगातार नजर बनाए हुए हैं। इस घटना के बाद मंगलवार की रात में ही सीसीटीवी फुटेज की मदद से सभी आरोपियों को चिह्नित कर पुलिस ने धरपकड़ अभियान शुरू कर दिया था। बुधवार की शाम तक सभी आरोपियों की गिरफ्तारी में पुलिस को सफलता मिल गई।
स्वर्ण जयंती नगर निवासी कमल शर्मा का छोटा बेटा एएमयू का पूर्व छात्र कुशाग्र उर्फ सीपू और उसका दोस्त शहर के नामचीन मिठाई कारोबारी राजीव जलाली निवासी हरिओम नगर का बेटा शुभम आपस में दोस्त हैं। यह दोनों व अन्य दोस्त मंगलवार की रात सेंटर प्वाइंट में सिटी सेंटर मॉल के सामने खड़े थे, तभी रंगबाज युवकों से उनका झगड़ा हुआ।
वहां विवाद के बाद दोनों पक्ष वहां से चले गए, मगर बाद में कुशाग्र और शुभम आदि को फिर से रामघाट रोड पर मैक्सफोर्ट अस्पताल के पास हमलावरों ने घेर लिया और फायरिंग कर दी। इस फायरिंग में कुशाग्र के सीने और शुभम के पैर में गोली लगी।
दोनों घायलों को तत्काल जेएन मेडिकल कॉलेज ले जाया गया। इधर, खबर पर हरकत में आई पुलिस ने मौका मुआयना किया। एसएसपी स्तर से तीन टीमों को गिरफ्तारी व पड़ताल में लगाया गया। रात में ही सीसीटीवी की मदद से फायरिंग के मौके पर हमले में शामिल कुणाल ठाकुर उर्फ केडी निवासी चंपा विहार कॉलोनी-सुरेंद्र नगर, जय यादव निवासी देवी नगला महुआखेड़ा, प्रियांशु शर्मा निवासी नीलकंठ कॉलोनी-क्वार्सी, मुकुल शर्मा निवासी कुलदीप विहार, महुआखेड़ा के नाम सामने आए।
वहीं इनके साथ सेंटर प्वाइंट वाले झगड़े में किशनपुर के विशाल यादव का नाम भी आया। सीओ तृतीय श्वेताभ पांडेय के अनुसार रात से लेकर बुधवार की शाम तक चले प्रयास के बाद पांचों आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया गया है। इनसे हमले में प्रयुक्त मुकुल की बुलट बाइक, प्रियांशु की स्कूटी व दो तमंचे आदि बरामद हुआ है।
टशन में गाली-गलौज ने कराया हमला
सीओ श्वेताभ पांडे के अनुसार पूछताछ में आरोपियों ने स्वीकारा है कि घायल युवकों का हमलावर गुट से सिटी सेंटर मॉल के सामने विवाद हुआ। दोनों पक्ष वहां खड़े थे। हमलावर पक्ष ने रंगबाजी में गालीगलौज शुरू की। इस पर कुशाग्र व शुभम ने विरोध किया। इस बात पर वहां झगड़ा हुआ, मगर शांत हो गया। इस पर कुशाग्र पक्ष वहां से चला आया।
मगर हमलावर पक्ष ने इन्हें सबक सिखाने के इरादे से घेरना शुरू कर दिया। अपने अन्य साथी भी बुला लिए। इसी बीच कुशाग्र पक्ष मैक्सफोर्ट के पास अंडे की ढकेल पर खड़े थे, तभी हमलावर वहां आ गए और घटना को अंजाम दे डाला। इस दौरान प्रियांशु की गोली से शुभम व कुणाल की गोली से कुशाग्र जख्मी हुआ। इन दोनों पर पहले से अपराध दर्ज हैं। प्रियांशु ने बीटेक अधूरा छोड़ दिया था, जबकि कुणाल प्रापर्टी डीलिंग का धंधा करना बताता है। इसी तरह जय यादव भी प्रापर्टी डीलर परिवार से ताल्लुक रखता है, जबकि मुकुल के पिता सेवानिवृत्त फौजी हैं।
त्योहार पर उचित सतर्कता न बरतने पर पुलिस पर कार्रवाई
एसएसपी कलानिधि नैथानी ने बताया कि चूंकि त्योहार पर पहले से पुलिस को विशेष सतर्कता बरतने के निर्देश थे। इस मामले में यह साफ हुआ कि सेंटर प्वाइंट पर पहले दो पक्षों में झगड़ा हुआ और वहां के चौकी प्रभारी को खबर तक नहीं लगी। अगर वहीं खबर लगती तो शायद नौबत यहां तक न आती। इस पर सेंटर प्वाइंट चौकी प्रभारी नकुल चौधरी को लाइन हाजिर किया गया है। वहीं अपने क्षेत्र में सतर्कता के अभाव में इंस्पेक्टर क्वार्सी संजय जायसवाल व रामघाट रोड चौकी प्रभारी पंकज चौहान को निलंबित किया गया है।