रविवार की दोपहर गांव जुझारपुर के कुछ घरों में हाईटेंशन लाइन का करंट प्रवाहित हो गया। इससे करंट की चपेट में आकर एक व्यक्ति की मौत हो गई, जबकि एक महिला गंभीर रूप से झुलस गई। उसे जेएन मेडिकल कॉलेज में भर्ती कराया गया है। इस घटना से गुस्साए लोगों ने विद्युत विभाग के कर्मचारियों पर लापरवाही का आरोप लगाते हुए हंगामा किया।
ग्रामीणों के अनुसार रविवार की सुबह करीब साढ़े 11 बजे गांव जुझारपुर के आठ-दस घरों की बिजली की लाइन में अचानक हाईवोल्टेज करंट प्रवाहित होने लगा। इससे लोगों के घरों पर कूलर, पंखा, फ्रिज, एलसीडी आदि बिजली से चलने वाले उपकरण तेज धमाकों के साथ फुंकने लगे। इससे अफरा-तफरी का माहौल बन गया।
इसी बीच अपने घर के अंदर लेटे सुरेश कुमार पुत्र राम प्रसाद यादव बिजली के तारों से धुआं निकलते देखकर चारपाई से उठे और घर के अंदर अरगनी टंगे कपड़े उतारने लगे। इसी दौरान करंट की चपेट में आने से बेहोश होकर वह जमीन पर गिर गए। उनके पड़ोस की सीमा देवी पत्नी बॉबी सिंह भी बिजली के बोर्ड पर लगा मोबाइल का चार्जर निकाल रही थीं, तभी करंट की चपेट में आकर बुरी तरह झुलस गईं। दोनों के परिजन इलाज के लिए सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र लेकर पहुंचे जहां डाॅक्टरों ने 42 वर्षीय सुरेश कुमार को मृतक घोषित कर दिया। वहीं सीमा देवी को जेएन मेडिकल कॉलेज रेफर कर दिया गया।
इस घटना से गुस्साए लोगों ने बिजली कर्मचारियों पर लापरवाही बरतने का आरोप लगाते हुए हंगामा शुरू कर दिया। सूचना पर पहुंची पुलिस ने उन्हें समझाकर शांत कराया। सुरेश कुमार अपने पीछे पत्नी भूरी देवी सहित दो बच्चों को रोता छोड़ गए हैं।कार्यवाहक थाना प्रभारी दुलीचंद यादव ने बताया कि शव पोस्टमार्टम के लिए भेजा गया है। तहरीर मिलने पर आगे की कार्रवाई की जाएगी।