देश के प्रख्यात गीतकार स्व. रविंद्र जैन के पिता ख्याति प्राप्त वैद्य व संस्कृत शिक्षक पं. इंद्रमणि जैन के नाम से गांधीपार्क पर चौराहे पर बने स्मारक में तोड़फोड़ कर दी गई। उनके नाम से लगी शिलापट्टिका तक हटा दी गई। बुधवार सुबह यह जानकारी स्मारक समिति व समर्थकों में हुई तो उनमें आक्रोश पनप गया।
सभी लोग दोपहर में जिलाधिकारी व नगर आयुक्त से मिले। ज्ञापन देकर कड़े शब्दों में बिना बताए इस तरह तोड़फोड़ करने का आरोप स्मार्ट सिटी प्रबंधन पर लगाते हुए नाराजगी जताई। इस पर दोनों अधिकारियों ने जांच के निर्देश दिए हैं। कहा कि बिना बताए इस तरह तोड़फोड़ गलत है। इसमें जो भी दोषी होगा, उस पर कार्रवाई होगी।
शहर के कनवरीगंज इलाके में संचालित औषधालय के संचालक रहे वैद्य पं. इंद्रमणि जैन को काफी ख्याति थी। उनके पुत्र गीतकार रविंद्र जैन के देहांत से पहले 24 नवंबर 2014 को पं. इंद्रमणि जैन स्मारक की स्थापना गांधीपार्क के तिकोना पार्क में की गई थी।
समिति सदस्यों के अनुसार वर्ष 2013 में स्व. इंद्रमणि जैन स्मारक का प्रस्ताव नगर निगम बोर्ड में पास हुआ था। इसके बाद खुद रविंद्र जैन सहित उस समय के एमएलसी जगवीर किशोर जैन, महापौर शकुंतला भारती, विधायक ठा.राकेश सिंह की मौजूदगी में इसका लोकार्पण हुआ। इस पर पं.इंद्रमणि जैन की मूर्ति लगना भी प्रस्तावित है, जिसका प्रस्ताव शासन स्तर पर पहुंचा हुआ है।
बीती रात बिना समिति की जानकारी में आए शिलापट्टिका हटवाकर वहां तोड़फोड़ करते हुए टाइल्स व पत्थर तुड़वा दिए गए। यह किसी महापुरुष के अपमान से कम नहीं। इस पर डीएम व नगर आयुक्त से तत्काल इस काम को रुकवाने व पूर्व की तरह व्यवस्थित कराने के लिए कहा गया। यह भी बताया कि समिति इसकी देखरेख करती आ रही है।
इस पर दोनों अधिकारियों ने कहा है कि इस मामले में जांच कराई जाएगी कि आखिर बिना अनुमति या बिना सहमति पार्क में यह काम क्यों कराया गया। अगर सौंदर्यीकरण ही उद्देश्य है तो अनुमति व सहमति दोनों होनी चाहिए। इस मौके पर समिति के युवराज मणि जैन, विशाल जैन, पंकज धीरज ,विकास जैन, आशीष जैन, संजय कुमार जैन आदि उपस्थित रहे।