महानगर से चोरी जाने वाली कारों की बरामदगी में प्रयासरत क्वार्सी व एसओजी पुलिस टीम को बड़ी सफलता हाथ लगी है। एक अंतर्राज्यीय गैंग शहर से ऑर्डर पर इन लग्जरी कारों की चोरी कर रहा था, जिन्हें बदायूं में बेचा जा रहा था। पुलिस टीमों ने संयुक्त कार्रवाई करते हुए इस गैंग के सरगना सहित कुल 13 लोगों को गिरफ्तार किया है और 17 कार व एक दोपहिया बरामद किया है। इस गैंग के कुछ साथी फरार हैं, जिनकी तलाश में पुलिस टीमें अभी जुटी हैं।
एसपी सिटी अभिषेक ने बृहस्पतिवार को पुलिस लाइन में प्रेसवार्ता के दौरान बताया कि कार चोरियों को लेकर खुद एसपी सिटी व एसपी क्राइम डॉ. अरविंद कुमार के निर्देशन में थाना क्वार्सी, एसओजी सर्विलांस की टीमें धरपकड़ में प्रयासरत थीं। इसी बीच क्वार्सी के एसआई संदीप कुमार ने कयामपुर मोड़ से चोरी की एक स्विफ्ट डियाजर कार में चार लोगों को गैंग सरगना लवेश उर्फ शेरू पुत्र विजेंद्र निवासी गीता विहार क्वार्सी को उसके तीन साथियों सहित दबोच लिया। थाने लाकर हुई पूछताछ के बाद उनकी निशानदेही पर 8 कार बदायूं से और 8 कार शहर के अलग-अलग ठिकानों से बरामद की हैं। इसके अलावा एक आर-15 बाइक के अलावा 9 अन्य लोग गिरफ्तार भी किए गए।
आर्डर पर चोरी कर थे कार
एसपी सिटी के अनुसार गिरोह के सदस्यों ने पूछताछ में बताया कि इस गैंग में सरगना प्रवेश उर्फ शेठी उर्फ लाला पुत्र राजेंद्र निवासी नया बाईपास रोड उझानी बदायूं है, जिसने अपना गोदाम बना रखा है। वह चोरी के वाहनों को वहीं खड़ा कर बेचता है। उन्होंने बताया कि यह लोग इंश्योरेंस कंपनियों से एक्सीडेंट आदि में कंडम गाड़ियां खरीदते हैं। नियमानुसार गाड़ी कटवाने पर उसके पेपर आरटीओ में जमा कराने होते हैं, मगर ये लोग उस गाड़ी से मिलती जुलती कार चोरी का ऑर्डर लवेश को देकर उसे चोरी कराते। फिर कंडम खरीदी हुई गाड़ी के इंजन व चेसिस नंबर चुराई गई गाड़ी पर डालकर उस पर कंडम गाड़ी का नंबर चढ़कर उसने बेचने के लिए तैयार कर लेते। यामाहा आर-15 को वे कार चोरी में प्रयोग करते थे। पकड़े गए आरोपियों का लंबा चौड़ा आपराधिक इतिहास है।
कई राज्यों में फैला हुआ है इस गैंग का नेटवर्क
इस गैंग के सदस्यों में कुछ सदस्य दिल्ली, हरियाणा व आसपास के राज्यों से वाहन चोरी कर लाते हैं। कुछ सदस्य कबाड़ में वाहन खरीदने का काम करते हैं। कुछ सदस्य चेसिस नंबर व इंजन नंबर बदलने का काम करते हैं। कुछ सदस्य अन्य राज्यों से चोरी किए वाहनों को प्रवेश उर्फ सेठी के हाथों में पहुंचाने का काम करते हैं। पिछले तीन साल से सक्रिय यह गैंग अब तक सौ से डेढ़ सौ गाड़ियां चोरी कर बेच चुका है। कुछ कबाड़ में भी कटवा चुके हैं।
इस रैकेट के ये स्थानीय सरगना फरार
पूछताछ में इनके कुछ अन्य साथियों के नाम संदीप कासगंज, नसीम कासगंज, चंद्रविजय क्वार्सी अलीगढ़ का नाम भी प्रकाश में आया है। ये शेठी की तर्ज पर यहीं अलीगढ़ में चला रहे थे। ये फरार हैं, जिनकी तलाश चल रही है।
रामबाग से चोरी गई कार के पीछे लगे तो पकड़ा गैंग
पिछले माह रामबाग से एक वैगनआर कार चोरी हुई थी। जिसके सीसीटीवी खोजते हुए पुलिस नरौरा तक गई। इसके बाद बदायूं तक पुलिस गई। सबसे खास बात ये है कि इस गैंग को खोजते हुए पुलिस ने इतना बड़ा गैंग पकड़ लिया। मगर वह कार नहीं मिल पाई।
गिरफ्तार आरोपी --
-लवेश उर्फ शेरू पुत्र विजेंद्र उर्फ पप्पू गीता विहार क्वार्सी।
- विजेंद्र उर्फ पप्पू पुत्र चंद्रभान गीता विहार क्वार्सी।
-अनिल पुत्र रामपाल निवासी कलोर दन्नाहार मैनपुरी हाल निवासी प्रेम नगर वी-275 प्रेमनगर दिल्ली।
-अनूप पुत्र विद्याराम यादव निवासी कंजाहार दन्नाहार मैनपुरी।
-प्रवेश उर्फ शेठी उर्फ लाला पुत्र राजेंद्र सिरासोल बिल्सी बदायूं हाल उझानी बदायूं।
-हसरत अली पुत्र सफी मोहम्मद बरौला नहर पुल जवां अलीगढ़।
-शमीम पुत्र मुस्तकीम सराय नूर अतरौली अलीगढ़।
-सलमान पुत्र यासीन खां नगला भूरा सासनी हाथरस।
- राजेश पुत्र लाला हरिराम निवासी 268 हनुमान गली करनाल हरियाणा।
- माजिद पुत्र यामीन निवासी ममरा गुलावटी बुलंदशहर हाल जहांगीराबाद।
-अल्लानूर पुत्र शहजाद खां बरौली जवां अलीगढ़।
-महेश पुत्र हरेंद्र राजविहार कालोनी क्वार्सी, अलीगढ़।
- आरिफ पुत्र शाहिद अली बबराला रोड बहजोई संभल।
बरामद वाहनों का विवरण:- 5 वैगनआर, 5 ईको कार, एक इनोवा कार, दो अल्टो कार, एक होंडा सिटी, 2 स्विफ्ट, एक डिजायर, एक जायलो
गिरफ्तार करने वाली टीम:-इंस्पेक्टर क्वार्सी छोटेलाल, प्रभारी एसओजी अनूप सरोज, प्रभारी सर्विलांस संजीव कुमार, एसएसआई चंचल सिरोही, संदीप कुमार, अरविंद कुमार, रामविरेश, बृजेश चौधरी के अलावा एसओजी, सर्विलांस व क्वार्सी से राकेश, ओमवीर सिंह, विनोद कुमार, आशीष चौधऱी, बृजेश रावत, दुर्विविजय, याकूब, ज्ञानवीर, शोएब आलम, अखिल प्रताप, मनोज कुमार, ऋषिपाल, देव प्रताप, सुभाष आदि शामिल रहे।