जली कार को देखते एसएसपी व अन्य पुिलस अिधकारी।
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दिल्ली के ओखला इलाके से यहां तगादे पर आए बिल्डर को शुक्रवार आधी रात के बाद पनेठी-साधु आश्रम लिंक रोड पर स्कोडा कार सहित जला दिया गया। बिल्डर की पहले रस्सी से गला दबाकर हत्या की गई। फिर पेट्रोल छिड़क कर लाश सहित कार को आग के हवाले कर दिया गया।
शनिवार करीब साढ़े छह बजे सड़क पर दौड़ लगा रहे युवाओं ने जब जलती हुई कार देखी तो पुलिस को सूचना दी गई। इस पर पुलिस व फॉरेंसिक टीम मौके पर पहुंच गई। शव बुरी तरह जल चुका था। कार नंबर के आधार पर दोपहर बाद बिल्डर की पहचान हो गई। वाकये के अनुसार सुबह सड़क पर दौड़ लगा रहे युवाओं ने जब पनैठी पुलिस चौकी से करीब सवा किलोमीटर दूरी पर गांव अलहदादपुर के पास जलती हुई कार और उसमें जला हुआ धड़ देखा तो ग्राम प्रधान पति अर्जुन सिंह भोलू के माध्यम से इलाका पुलिस को सूचना दी गई।
दूसरी पत्नी से चल रहा था विवाद
पुलिस के अनुसार रिजवान की पहली पत्नी नाजरीन से संपर्क हुआ। उसने बताया कि उसके पति बिल्डर और बिल्डिंग मैटेरियल सप्लायर थे। वह शुक्रवार शाम करीब पांच बजे घर से यह कहकर निकले थे कि किसी फिरोज से डेढ़ लाख रुपये तगादे के लेने जाने अलीगढ़ जा रहा हूं। इसके बाद रात 12 बजे उसने अपनी तबियत खराब होने की बात कहते हुए कहा कि उसका सिर घूम रहा है। उसे खुद नहीं पता कि वह किस रास्ते पर जा रहा है। इसके बाद आखिरी एसएमएस दो बजे उसकी पत्नी के फोन पर आया जिसमें उसने सुबह आने की बात कही। इसके बाद रिजवान का फोन स्विच ऑफ हो गया। इस पर नाजरीन ने ओखला थाने में गुमशुदगी दर्ज कराई है। नाजरीन के अनुसार रिजवान ने दो शादियां की थीं। दूसरी पत्नी से विवाद के चलते रिजवान पर मुकदमा दर्ज हुआ था और वह छह माह के लिए दिल्ली की तिहाड़ जेल भी गया था। इसी 26 अक्तूबर को रिहा हुआ था।