नगर से चार किलोमीटर दूर गोंडा मार्ग के सहारे निर्माणाधीन दुग्ध डेयरी प्लांट के बेसमेंट में मिट्ठी की ढाय खिसकने से तीन महिला मजदूर दब गई, जिनमें से दो महिलाएं गर्भवती हैं। दुर्घटना की सूचना पर पुलिस और प्रशासन के पहुंचने पर प्लांट मैनेजर और प्लांट मालिक का बेटा मौके से भाग गए।
सलेमपुर के समीप एक डेयरी का प्लांट का भवन तैयार हो रहा है। सोमवार को शाम के समय बेसमेंट में ढाय खिसलने लगी। जिसमें कई महिलाएं दब गई। इनमें से तीन महिलाओं को मशक्कत के बाद निकाला गया।
इसमें दो महिला मजदूर गर्भवती हैैं, दोनों ही बेहोशी की हालत में थीं, जिनको डॉक्टर द्वारा डिप लगाने के साथ ही उपचार दिया जा रहा है। डॉक्टर का कहना है कि उषा पत्नी जगदीश और आरती पत्नी मथुरा निवासी पुनऊआ थाना सटई जिला छत्तरपुर मध्य प्रदेश की हालत खतरे से बाहर है, किंतु गर्भवती होने के कारण देखभाल की आवश्यकता है।
तीसरी महिला चंद्राबाई पत्नी घनश्याम निवासी उपरोक्त को मेडिकल कालेज अलीगढ़ में गंभीर हालत में भर्ती कराया गया है। घटना की सूचना पर उपजिलाधिकारी रविप्रकाश श्रीवास्तव और एसएसआई मुनेश कठेरिया मौके पर सूचना के बाद पहुंचे तो प्लांट के मालिक का बेटा और मैनेजर मौके से भाग गए। थाना प्रभारी मुनेश कठेरिया का कहना है कि मजदूरों की ओर से कोई शिकायत पत्र नहीं मिला है। शिकायत मिलने पर कार्रवाई की जाएगी।