क्राइम डेस्क, अमर उजाला, अलीगढ़।
महानगर के छर्रा अड्डा पुल के पास गुरुवार देर रात मिले युवक के शव की पहचान रेलवे के संविदाकर्मी के रूप में हुई है। परिजनों ने दोस्तों पर हत्या कर शव ट्रैक पर फेंके जाने का आरोप लगाया है। हालांकि शनिवार को पोस्टमार्टम के बाद शव परिजनों के सुपुर्द कर दिया गया और जीआरपी ने साफ कहा है कि एक्सीडेंट में मौत हुई है। फिर भी परिजन जो आरोप लगा रहे हैं, उनकी जांच कर ली जाएगी।
गुरुवार देर रात यहां मिले शव को पुलिस ने पोस्टमार्टम केंद्र में रखवा दिया था। जिसकी पहचान शनिवार सुबह त्रिमूर्ति नगर चांदमारी बन्नादेवी निवासी जल निगम में तैनात सुपरवाइजर रवि शंकर ने अपने 26 वर्षीय बेटे दीपक शुक्ला के रूप में कर ली।
परिजनों के अनुसार दीपक इलाहाबाद में रेलवे में संविदाकर्मी के रूप में कार्यरत था। 21 जून की देर शाम उसका अपनी मां के पास फोन आया था। उसने कहा था कि उसका फोन खराब हो गया है। इसलिए वह अपने दोस्त के नंबर से फोन कर रहा है। दो-तीन दिन में छुट्टी मिलने पर वह घर आएगा।
इसी दिन देर रात उसकी लाश जीआरपी ने यहां छर्रा अड्डा से बरामद कर ली। मौत ट्रेन की चपेट में आने से हुई थी। परिजनों का आरोप है कि उसकी हत्या की गई है। परिवार में तीन भाई-बहनों में वह सबसे बड़ा था। जीआरपी मामले में जांच की बात कह रही है।