क्राइम न्यूज, अमर उजाला, अलीगढ़
अलीगढ़। अमरोहा डिपो की रोडवेज बस में परिचालक ने बेसवां में 80 वर्षीय वृद्धा को गाड़ी से फेंकने की धमकी दे दी। वृद्धा का कसूर इतना था कि उसने बेसवां की टिकट बनवाई थी और उसे कुछ दूरी पर कालाआम पुलिस चौकी पर उतरना था, लेकिन परिचालक वृद्धा को 100 मीटर भी बस में सफर न करने पर अड़ा था। उसने बेसवां पर ही गाड़ी को खड़ा करा दिया। बस खड़ी होने के कारण लेट हो रहे एक यात्री ने वृद्धा की राया तक की टिकट बनवाई तब जाकर परिचालक ने बस को आगे बढ़ने दिया। इस दौरान कुछ यात्रियों ने परिचालक को समझाने का प्रयास किया, लेकिन उनके साथ भी परिचालक का व्यवहार काफी रूखा रहा। परिचालक द्वारा वृद्धा और अन्य यात्रियों के साथ किया व्यवहार सभी यात्रियों में चर्चा का विषय बना रहा।
अमरोहा डिपो की बस यूपी 30 एटी 2674 बुधवार की सुबह अलीगढ़ से मथुरा के लिए चली। इस बस में इगलास थाने की चौकी आलाआम के पास रहने वाली 80 वर्षीय वृद्धा शांति देवी भी सवार हुईं। वृद्धा को बेसवां से कुछ दूरी पर स्थित कालाआम पुलिस चौकी पर उतरना था तो उसने बेसवां तक की टिकट बनवा ली। गाड़ी बेसवां पहुंची तो परिचालक ने वृद्धा को नीचे उतरने केे लिए बोला। वृद्धा ने आगे कुछ दूरी पर उतरने को कहा। इस पर परिचालक और वृद्धा के बीच कहासुनी हो गई। इससे परिचालक इतना कुपित हुआ कि उसने बस को बेसवां पर ही खड़ा करा दिया। कुछ यात्रियों ने परिचालक को समझाने का प्रयास किया, लेकिन उन्हें भी नियमों का पाठ पढ़ाते हुए चुप करा दिया। यहां तक कि परिचालक ने वृद्धा को गाड़ी से फेंकने तक की धमकी दे डाली। परिचालक के इस व्यवहार पर एक यात्री ने वृद्धा का बेसवां से राया का टिकट बनवाया तब जाकर गाड़ी आगे बढ़ी। इसी बीच एक यात्री ने एआरएम अमरोहा नरेंद्र कुमार से परिचालक के व्यवहार की शिकायत की। इस पर एआरएम ने यात्री से वृद्धा का टिकट बनवाने और बदसलूकी करने पर परिचालक के खिलाफ कार्रवाई करने का शिकायतकर्ता को भरोसा दिलाया।
जहां तक की टिकट बनी है परिचालक यात्री को उस बस स्टॉप पर उतारेगा। यह उसकी जिम्मेदारी है। सीनियर सिटीजन या किसी अन्य यात्री को साथ बदसलूकी करना गलत है। परिचालक से इस संबंध में पूछा जाएगा और कार्रवाई की जाएगी।
- नरेंद्र कुमार गंगवार, एआरएम अमरोहा डिपो
लगेज के मामले पर परिचालक ने साधी चुप्पी
परिचालक वृद्धा के मामले पर यात्रियों को तो नियम सिखा रहा था, लेकिन इसी बस में वह ढाई कुंतल का लगेज भी लेकर जा रहा था। जब यात्रियों ने लगेज के संबंध में पूछा तो उसने बताया कि लगेज की टिकट बनाई है, लेकिन जब यात्रियों ने उससे कहा कि व्यवसायिक लगेज की वह टिकट नहीं बना सकता तो परिचालक ने चुप रहने में ही अपनी भलाई समझी और उसने यात्रियों के सवालों को दरकिनार करते हुए चुप्पी साध ली। यात्रियों ने इस संबंध में एआरएम से भी शिकायत की।