क्राइम न्यूज, अमर उजाला, अलीगढ़।
जिला जेल के बाहर से अपह्त छह माह के उमंग का सुराग न मिलने से पुलिस मामले में तरह-तरह के अंदेशे जता रही है। हालांकि अभी पुलिस की एक टीम उन 316 लोगों से एक-एक कर मुलाकात कर रही है, जो उसके अपहरण के दिन जेल में मुलाकात करने आए थे। शायद कुछ मिल जाए। मगर अभी कोई सुराग हाथ नहीं लगा है। अंदेशा है कि या तो परिवार से फिरौती मांगी जाएगी या फिर बच्चे को बेच दिया गया।
हालांकि पुलिस ने बच्चे की तलाश के लिए खुफिया पुलिस सहित अपने मुखबिरों को भी अलर्ट मोड़ पर कर दिया है। इधर, अपहरण कांड की गूंज लखनऊ तक पहुंचने के कारण अधिकारियों में खलबली मची हुई है। आसपास के जनपदों सहित हरियाणा और दिल्ली पुलिस को भी मामले में दो दिन पहले ही अलर्ट किया जा चुका है, लेकिन वहां से भी उमंग के संबंध में कोई सुराग नहीं लगा है।
इधर, उमंग का परिवार भी उसकी तलाश में भटक रहा है। बता दें कि 17 मई को जिला कारागार के सामने से टिर्री सवार महिला ने छह साल की बच्ची की गोद से बच्चा छीनकर उसका अपहरण कर लिया था। बच्चे की मां प्रियंका अपने ननदोई योगेश से मुलाकात करने के लिए ननद बीनेश के साथ आई थी।