डेस्क न्यूज, अमर उजाला, अलीगढ़
पर्सनल आईडी से रेल यात्रियों के लिए ई-टिकट बुकिंग करने वालों का गिरोह अलीगढ़ के साथ ही अन्य जनपदों में भी सक्रिय हो गया है। आरपीएफ की अलीगढ़ स्थित क्राइम ब्रांच शाखा ने सोमवार को पर्सनल आईडी से ई-टिकट का अवैध कारोबार करने के आरोप में एटा जिले की जलेसर तहसील से एक एजेंट को धर दबोचा। उसके पास से लगभग डेढ़ लाख रु पये के ई-टिकटों का विवरण मिलने के साथ ही अग्रिम यात्रा की 13 ई-टिकट बरामद हुए हैं। क्राइम ब्रांच ने एजेंट के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर उसे जेल भेज दिया है।
जलेसर के बड़ा बाजार में कफील पुत्र याकूब खान निवासी मोहल्ला पठान, जलेसर स्पीड कम्प्यूटर के नाम से साइबर कैफे का संचालन करता है। यहीं से वह रेल एवं हवाई यात्राओं की टिक ट बुकिंग का काम भी करता है। उसने रेलवे की आईआरसीटीसी वेबसाइट पर अपना एक अकाउंट बना रखा है। इसके साथ ही उसने सात और फर्जी आईडी बना रखीं हैं, जिनसे वह अवैध रूप से ई-टिकट बुक कर अच्छा मुनाफा कमाता था। आरपीएफ की क्राइम ब्रांच शाखा ने एक मुखबिर की सूचना पर इसके यहां छापा मारा। क्राइम ब्रांच इंस्पेक्टर रविंद्र कौशिक ने बताया कि कफील के पास से 13 अग्रिम यात्राओं के ई-टिकट बरामद किए हैं। इनकी कीमत 18 हजार रुपये से अधिक है।
इनमें 10 सामान्य और तीन तत्काल यात्रा की टिकट हैं। इसके साथ ही छानबीन में इसके पास से 63 ऐसे ई-टिकटों का भी विवरण प्राप्त हुआ, जिनसे यात्रा की जा चुकी है। इन सब की कीमत 1.35 लाख रुपये से अधिक है। कफील को हिरासत में लेने के साथ ही इसके साइबर कैफे से एक कम्प्यूटर सिस्टम, वाईफाई मॉडम, मोबाइल और साढे़ चार हजार रुपये से अधिक की नगदी बरामद की है। आरोपी के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर उसे जेल भेज दिया गया है। कार्रवाई करने वाली टीम में राजाराम मीणा, नरेश कुमार, अजयपाल सिंह मीणा, नीरज कुुमार, सूरज कुमार, अजय कुमार, सत्यपाल गौतम शामिल रहे।