क्राइम न्यूज, अमर उजाला अलीगढ़
अलीगढ़। महानगर के रामघाट रोड इलाके के एक सरकारी इंटर कॉलेज में पढ़ने वाले गांधीपार्क क्षेत्र के 11वीं के छात्र ने पिता की डांट से खफा होकर रात को घर में फांसी लगाकर जान दे दी। सुबह जब परिजन जागे और फंदे पर बेटे की लाश टंगी देखी तो सभी के पैरों तले जमीन खिसक गई। बाद में परिजनों ने बिना पुलिस को सूचना दिए आनन-फानन शव का अंतिम संस्कार कर दिया। इधर, इस सूचना पर स्कूल में भी गुरुवार को शोकावकाश घोषित किया गया।
बताया गया है कि तीन भाई बहनों में दूसरे नंबर के इस छात्र का बड़ी बहन से बुधवार रात किसी बात पर विवाद हो गया था। इसी विवाद के दौरान पिता ने बेटे को डपट दिया। इस बात पर वह खफा हो गया और रात में जब सभी परिजन सो गए तो उसने किसी वक्त कमरे में खुद को बंद कर फांसी लगा ली। सुबह पांच बजे जब परिजन जागे और बेटे की लाश फंदे पर झूलती देखी तो परिवार में कोहराम मच गया। इसके बाद मोहल्ले के लोग एकत्रित हो गए। बाद में लोगों की सलाह पर बिना पुलिस को सूचना दिए शव का अंतिम संस्कार कर दिया गया। इधर, इंस्पेक्टर गांधीपार्क के अनुसार पुलिस को कोई सूचना नहीं मिली है।
रुपये न मिलने पर ड्राइवर भी फांसी पर झूला
अलीगढ़। महानगर के क्वार्सी इलाके के देवी नगला में परिवार द्वारा बीस हजार रुपये न दिए जाने पर एक मेटाडोर ड्राइवर ने बुधवार रात फांसी लगाकर जान दे दी। सुबह परिजनों को जब खबर लगी तो सूचना पर पुलिस भी पहुंच गई। बाद में पंचनामा भरकर परिजनों द्वारा लिखित में कार्रवाई न चाहने की बात दिए जाने पर बिना पोस्टमार्टम के शव परिवार को सौंप दिया गया। बताया गया है कि 35 वर्षीय देवेंद्र पुत्र हरपाल शादीशुदा था और उसके तीन बच्चे भी हैं। वह कई दिन से अपने परिवार से 20 हजार रुपये मांग रहा था। मगर परिजनों द्वारा मना कर दिए जाने पर बुधवार रात घर में कलह हुई। इसके बाद परिजनों के सो जाने पर उसने कमरे में अकेले घुसकर फांसी लगा ली।