भारतीय किसान यूनियन भानु के प्रदेश महासचिव डॉ. शैलेंद्र पाल सिंह के नेतृत्व में बुधवार को सीएमओ कार्यालय में शासकीय नियमों के विपरीत बरती जा रही अनियमिताओं एवं व्याप्त भ्रष्टाचार को लेकर विकास भवन में सीडीओ अंकित खंडेलवाल एवं कलेक्ट्रेट में सिटी मजिस्ट्रेट प्रदीप वर्मा को ज्ञापन सौंपा गया।
प्रदेश संगठन मंत्री सरवन कुमार बघेल ने आरोप लगाया कि सीएमओ कार्यालय में शासकीय नियमों के विपरीत साठगांठ के आधार पर ट्रांसफर, पोस्टिंग एवं संबंधीकरण के नाम पर अवैध वसूली हो रही है। कार्यालय भ्रष्टाचार का अड्डा बन गया है।
आरोप लगाया कि राष्ट्रीय कार्यक्रमों में भारी भ्रष्टाचार कर फर्जी बिलों को लगाकर भुगतान लिया जा रहा है। सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र एवं प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्रों पर गरीबों को कोई लाभ नहीं मिल रहा है। युवा जिलाध्यक्ष कृष्णा ठाकुर ने आरोप लगाया कि 102 एवं 108 एंबुलेंस सेवा गरीबों के लिए संचालित की जा रही है। इसमें शासन के स्तर से सर्विस की 40 प्रतिशत से अधिक फर्जी ट्रिप पकड़ी गई हैं।
इससे करीब 10 करोड़ से अधिक का नुकसान राज्य सरकार को हुआ है। उन्होंने मांग रखी कि दोषी अधिकारियों को निलंबित करने के साथ ही सुसंगत धाराओं में आपराधिक मुकदमा दर्ज कराया जाए। वेदप्रकाश शर्मा ने स्थानांतरण, निरस्तीकरण एवं संबद्धीकरण की प्रशासनिक अधिकारी द्वारा जांच कराने की मांग की।
यहां लता अग्रवाल, गवेंद्र सिंह, भुवनेश्वर कुमार, राकेश ठाकुर, रणधीर चौधरी ने कई गंभीर आरोप लगाते हुए साक्ष्य के रूप में वीडियो प्रस्तुत किए गए। इस मौके पर बंटी ठाकुर, बलजीत चौधरी, राजकुमार यादव, संदीप चौहान, संजय कुमार, सुधीर ठाकुर, कौशल सिंह, विकास लोधी, नेत्रपाल लोधी, प्रमोद गौर, सुरेंद्र सिंह, दीपक ठाकुर, विवेक, नरेंद्र, भगवानदास चौहान, मोहन चौहान, जगदीश सिंह, सुमित ठाकुर आदि मौजूद रहे।
जिला विद्यालय निरीक्षक कार्यालय पर हंगामा, लगाए कई गंभीर आरोप
भारतीय किसान यूनियन भानु के पदाधिकारियों ने जिला विद्यालय निरीक्षक कार्यालय पहुंचकर नारेबाजी करते हुए हंगामा काटा और तालाबंदी की। इस दौरान स्टाफ को चार घंटे तक बंधक बनाकर रखा गया। प्रदेश महासचिव डॉ. शैलेंद्रपाल सिंह ने बताया कि 30 जुलाई को अग्रसेन इंटर कॉलेज हरदुआगंज में छात्र- छात्राओं से की जा रही अवैध वसूली को लेकर ज्ञापन दिया था। 17 अक्तूबर को इसकी जांच रिपोर्ट में यह स्वीकार किया गया कि छात्र- छात्राओं से अवैध धन की वसूली की गई है।
इसके बावजूद वित्तीय घोटाला होने पर भी प्रबंधक एवं प्रधानाचार्य अग्रसेन इंटर कॉलेज को चेतावनी देते हुए छोड़ा जा रहा है। इसकी शिकायत जिला विद्यालय निरीक्षक से की गई तो उन्होंने अपनी जांच रिपोर्ट को सही मानते हुए संगठन के पदाधिकारियों को धमकाने की कोशिश की। बंटी जादौन ने आरोप लगाया कि जिला विद्यालय निरीक्षक ने 50 हजार रुपये की रिश्वत की मांग की।
कॉलेज प्रबंधन से पैसे लेकर जांच रिपोर्ट को प्रभावित किया है। कृष्णा ठाकुर ने कहा जिला विद्यालय निरीक्षक कार्यालय में भ्रष्टाचार व्याप्त है। उन्होंने मांग रखी कि अग्रसेन इंटर कॉलेज में पायी गई वित्तीय अनियमिताओं के दोषी लोगों को दंडित किया जाए। गभाना तहसील अध्यक्ष दीपक ठाकुर ने जिला विद्यालय निरीक्षक कार्यालय के स्टाफ पर महिला पदाधिकारियों एवं किसानों से अभद्रता करने का भी आरोप लगाया।
इस दौरान पुलिस की मौजूदगी में माफी मांगने पर धरना समाप्त हुआ। धरने में गजेंद्र सिंह, अमीना बेगम, लता अग्रवाल, राकेश ठाकुर, प्रमोद गौड़, बलजीत चौधरी, कौशल ठाकुर, सुमित कुमार, वेदप्रकाश शर्मा, भगवान दास चौहान, अनिल चौहान, बंटी जादौन, नरेंद्र सिंह, विकास राजपूत आदि थे।
जिला विद्यालय निरीक्षक सुभाष बाबू गौतम ने कहा कि आरोप निराधार है औचित्यहीन है। अग्रसेन विद्यालय में छात्र-छात्राओं से कंप्यूटर आदि के नाम पर फीस ली गई थी। इसे वापस करने को विद्यालय प्रबंधन को निर्देश देते हुए कड़ी हिदायत दी गई है।