अलीगढ़। अलीगढ़ मुस्लिम यूनिवर्सिटी के हिंदी विभाग द्वारा बुधवार को राष्ट्र निर्माण में युवावर्ग की भूमिका विषय पर एक दिवसीय राष्ट्रीय वेबिनार का आयोजन किया गया।
मुख्य अतिथि के तौर पर दिल्ली विश्वविद्यालय के प्रो. अनिल राय ने विदेशों में अध्यापन के अनुभवों के जिक्र से अपने वक्तव्य की शुरुआत की। उनका कहना था कि युवाओं में नैतिक मूल्यों का विकास आवश्यक है। उनमें राष्ट्रीय अस्मिता का भाव भी जाग्रत होना चाहिए। यदि युवा ठान ले, तो उसके लिए असंभव कुछ भी नहीं।
हिंदी विभाग के प्रो. अब्दुल अलीम ने नई शिक्षा पद्धति की विशिष्टताओं को रेखांकित करते हुए मातृभाषा में दी जाने वाली प्राथमिक शिक्षा की व्यवस्था का स्वागत किया।
प्रो. आरिफ नजीर ने महाभारत के विविध प्रसंगों और शिक्षाओं का उल्लेख युवावर्ग की जागृति को बनाए रखने के लिए आवश्यक बताया।
मुख्यवक्ता लखनऊ विश्वविद्यालय के प्रो. हरिशंकर मिश्र ने कहा कि पृथ्वी और जन के योग से ही किसी भी राष्ट्र का निर्माण होता है।
कार्यक्रम की अध्यक्षता करते हुए विभागाध्यक्ष प्रोफेसर रमेशचंद्र ने ऐतिहासिक प्रसंगों के हवाले से युवाओं के दायित्व एवं कर्तव्य का रोचक उदाहरण दिया।
कार्यक्रम का संयोजन और संचालन प्रो. शंभुनाथ तिवार ने किया। उन्होंने कहा कि यदि ऊर्जावान युवाओं को बुजुर्गों का अनुभव मिलता रहे, तो उनका जोश उन बुलंदियों को भी पार कर सकता है, जिन्हें दुर्गम माना जाता है। प्रो. देवेंद्र गुप्ता ने आभार व्यक्त किया।