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UP Budget: बजट में अलीगढ़ को प्रत्यक्ष कुछ न मिला, अप्रत्य्रक्ष रूप से मिला यह

Tue, 06 Feb 2024 02:04 AM IST
चमन शर्मा अमर उजाला नेटवर्क, अलीगढ़

सार

उत्तर प्रदेश सरकार ने अपना बजट पेश किया। बजट में अलीगढ़ के लिए प्रत्यक्ष रूप से कोई बड़ी घोषणा नहीं हुई, लेकिन किसान, युवा और आमजन के लिए बहुत कुछ मिला है। आइए जानते हैं यूपी बजट में आमजन के लिए क्या-क्या मिला ... 
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यूपी सरकार द्वारा पेश किया गया बजट
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विस्तार
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प्रदेश की योगी सरकार ने अपने दूसरे कार्यकाल में 5 फरवरी को लोकसभा चुनाव 2024 को ध्यान में रखते हुए अपना बजट पेश किया। इसमें सीधे तौर पर भले ही अलीगढ़ जिले के लिए अलग से कोई बड़ी परियोजना की घोषणा नहीं की गई हो, लेकिन सामूहिक रूप से यहां के किसानों, युवाओं व आमजन के लिए कई राहत भरी घोषणाएं की गई हैं। 

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सरकार ने डार्क जोन में नए ब्लॉकों में निजी ट्यूबवेल कनेक्शन देने पर लगी रोक हटा दी है। जिसका सीधा लाभ जिले के डार्क जोन ब्लॉक के करीब 10 हजार किसानों को मिलेगा। अब उन्हें फसलों की सिंचाई के लिए दूसरे नलकूपों, इंजन आदि पर निर्भर नहीं होना पड़ेगा। जिले के युवाओं को सरकार के पांच लाख रुपये तक का बिना ब्याज ऋण उपलब्ध होने का भी लाभ मिलेगा। शहर में लगने वाले जाम से निपटने के लिए रिंग रोड, पुल, सड़क आदि की अवस्थापना के लिए लोक निर्माण विभाग के बजट को दोगुना किया गया है। इससे सड़कों की दशा में सुधार के साथ ही हर वक्त लगने वाले जाम से भी निजात मिल सकेगी। सड़क, फ्लाई ओवर, रिंग रोड आदि के लिए भी बजट में प्रावधान किया गया है। 

ग्राम पंचायतों में शौचालय निर्माण एवं डिजीटल लाइब्रेरी बनाने की घोषणा की गई है। बजट में कृषि क्षेत्र में किसानों के हित में श्री अन्न योजना, भूमि सुधार योजना आदि योजनाओं की घोषणा की गई है। सिंचाई के लिए मुफ्त बिजली के लिए पिछली साल की तुलना में 25 प्रतिशत बजट बढ़ाया गया है। आकांक्षी योजना के तहत नगर पालिका, नगर पंचायतों में विकास कार्य कराए जाएंगे। स्वास्थ्य के क्षेत्र के स्टाफ, संसाधन आदि के लिए दोगुना बजट जारी किया गया है। आयुष्मान योजना के कवच का भी लोगों को लाभ मिलेगा। निराश्रित महिलाओं को पेंशन के लिए धनराशि दोगुना हो जाने से जिले की करीब 63 हजार महिलाओं को इसका सीधा लाभ मिलेगा। बुजुर्गों को वृद्धावस्था पेंशन के रूप में 500 रुपये उनके खाते में भेजे जाते थे, अब शासन ने पेंशन राशि बढ़ाकर एक हजार रुपये कर दी है। हालांकि जिले के गन्ना किसानों की नई चीनी मिल की स्थापना की मांग इस बार भी बजट में पूरी नहीं हो सकी है। 

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खास बातें 

अलीगढ़ जिले में 12 ब्लॉक है। इसमें नगर निगम अलीगढ़ डार्क जोन, इगलास ब्लॉक क्रिटिकल जोन, चंडौस, गंगीरी, जवां, खैर, लोधा एवं गोंडा सेमी क्रिटिकल श्रेणी में है। धनीपुर, अतरौली, अकराबाद, बिजौली व टप्पल ब्लॉक सामान्य श्रेणी में हैं।

यह है भूजल दोहन का मानक
  • सामान्य श्रेणी - 06 से 08 मीटर
  • सेमी क्रिटिकल- करीब 15 मीटर 
  • क्रिटिकल- 20 से 22 मीटर
  • डार्क जोन- 25 मीटर से अधिक
  • जिले में पेंशन के लाभार्थी - 63,144
  • विधवा पेंशन के लाभार्थी - 46,879
  • दिव्यांग पेंशन के लाभार्थी - 46,653
  • खाद्यान्न योजना के लाभार्थी - 27.85 लाख 

प्रदेश सरकार के बजट से व्यापारियों में निराशा
उद्योग व्यापार प्रतिनिधि मंडल की बैठक संतनगर स्थित कार्यालय पर हुई। जिसमें प्रदेश सरकार के बजट पर व्यापारियों ने प्रतिक्रिया देते हुए कहा कि इसमें व्यापारी समाज की अनदेखी की गई है। जिलाध्यक्ष प्रदीप गंगा ने कहा कि इतना टैक्स भरने के बाद भी व्यापारी वर्ग को किसी भी प्रकार की कोई राहत नहीं दी गई है। इससे व्यापारी में निराशा है। जीएसटी लागू करते समय सरकार ने वादा किया था कि सभी लोकल टैक्स समाप्त कर दिए जाएंगे। लंबे समय से व्यापारी मंडी शुल्क समाप्त करने की मांग कर रहे हैं। व्यापारियों पर लगाया जा रहा जलकर समाप्त नहीं किया गया है। जबकि 99 प्रतिशत दुकानों में पानी के कनेक्शन की आवश्यकता नहीं है। बजट में स्टेट हाईवे से टोल टैक्स नहीं हटाया गया है। इस मौके पर प्रांतीय संगठन मंत्री हरिकिशन अग्रवाल, प्रदेश उपाध्यक्ष विनय गुप्ता, प्रदेश महिला  महामंत्री संगीता वार्ष्णेय, जिला महामंत्री एमए खान गांधी, संजीव अग्रवाल, प्रदेश वरिष्ठ मंत्री मुनेशपाल सिंह, योगेश सरकार, अनिल बंसल, यश कुमार, संतोष वार्ष्णेय, सुमित एडमिन, उमेश गौड़, राहुल कनक,राहुल मित्तल, प्रदीप वर्मा, राजेश गर्ग आदि मौजूद रहे। 

अमीरों को समृद्ध करता है अंतरिम बजट
भारतीय कम्युनिस्ट पार्टी व भारतीय कम्युनिस्ट पार्टी (मार्क्सवादी) के स्थानीय पदाधिकारियों ने कहा है कि केंद्र सरकार का अंतरिम बजट गरीबों को दबाकर अमीरों को समृद्ध करता है। वक्ताओं ने कहा कि यह अंतरिम बजट पूरी तरह से वास्तविक सामाजिक न्याय के मोदी प्रचार तंत्र के खोखले दावों को उजागर करता है। जिसमें कामकाजी लोगों को विकास में भागीदार के रूप में शामिल किया गया है, लेकिन उनके लिए कोई राहत नहीं है। विचार व्यक्त करने वालों में मोहम्मद इदरीस, इरफान अंसारी, बलबीर सिंह, एहतिशाम बेग, राजकुमार शर्मा, हरीश चंद लोधी, जीनत शेख, सावित्री सैनी आदि मौजूद रहे।

बोले किसान

  • अलीगढ़ के गन्ना किसान को प्रदेश सरकार के बजट से आज बहुत उम्मीद थी। मंडल की एकमात्र साथा चीनी मिल के लिए कुछ घोषणा होगी, लेकिन बजट को पढ़ने के बाद साथा चीनी मिल कहीं दिखाई नहीं दी। सहारनपुर के ननौता ,अमरोहा के गजरौला व दो अन्य चीनी मिलों के लिए घोषणा की गई है। -डॉ. शैलेंद्रपाल सिंह, किसान नेता
  • सरकार ने डार्क जोन में नए निजी ट्यूबवेल कनेक्शन देने पर लगी रोक हटाने के साथ ही सिंचाई के लिए मुफ्त बिजली के लिए पिछली साल की तुलना में 25 प्रतिशत बजट बढ़ाया है, जो किसान हित में है। -कमल प्रताप सिंह, किसान 

बोले युवा
  • युवाओं को सरकार के पांच लाख रुपये तक का बिना ब्याज ऋण उपलब्ध कराने के साथ ही गांवों में डीजिटल लाइब्रेरी बनाने की घोषणा की है। इससे युवाओं को स्टार्टअप करने में मदद मिलेगी। -ममता सिंह
  • सरकार ने युवाओं के हित में बिना ब्याज ऋण उपलब्ध कराकर उनके लिए नया रास्ता दिया है। जो बेरोजगार हैं उन्हें इस धनराशि से अपना रोजगार खोलने में आसानी होगी। -आदित्य शर्मा

सत्ताधारी बोल
  • यह बजट देश के अंतरिम बजट की तर्ज पर युवा, बेरोजागार, महिला, किसान, उद्यमी, विकास आदि के मायने पर खरा उतरने वाला है। इस बजट में धर्म व संस्कृति का विशेष ध्यान रखा गया है। बजट के दूरगामी परिणाम दिखाई देंगे। कई ऐसे बिंदु हैं, जिनमें बजट राशि दोगुना की गई है। यह बेहद लाभकारी होगा। - अनिल पाराशर, विधायक कोल क्षेत्र
  • बजट में हमेशा की तरह निचले तबके का ध्यान रखा गया है। शहरी विकास के साथ साथ हर वर्ग का ध्यान रखा गया है। स्वास्थ्य, उद्योग, सुरक्षा, विकास आदि के लिए आने वाला बजट बेहद लाभकारी है। महिलाओं, विधवाओं, निराश्रितों का विशेष ध्यान रखा गया है। विकास के मुद्दे पर जो निर्णय लिए गए हैं, उनका बहुत लाभ मिलने वाला है। - मुक्ता संजीव राजा, विधायक शहर क्षेत्र
  • सरकार का बजट प्रदेश को सर्वाधिक मजबूत अर्थव्यवस्था वाला सूबा बनाने की दिशा में मील का पत्थर साबित होगा। इंफ्रास्ट्रक्चर, महिलाओं, किसानों व युवाओं पर फोकस यह बजट भविष्य में रोजगार, पर्यटन, विकास तथा शिक्षा के नए-नए अवसर प्रदान करेगा। धार्मिक स्थलों के विकास व अत्यधिक सुविधा वाले स्थल बनाने के लक्ष्य से धार्मिक पर्यटन को बढ़ावा मिलेगा। इससे नए-नए रोजगार के अवसर पैदा होंगे। - ठा.जयवीर सिंह, बरौली विधायक
  • प्रदेश सरकार का बजट आने वाले समय में प्रदेश को विकास के रास्ते पर और आगे ले जाने वाला है। इस बजट में सबका साथ सबका विकास के नारे के साथ सभी वर्ग का ध्यान रखा गया है। इस बजट के जरिये हर वर्ग का ध्यान रखने का प्रयास किया गया है। इसलिए यह बजट बेहद लाभकारी है।-कृष्णपाल सिंह लाला, जिलाध्यक्ष भाजपा

विपक्षियों के बयान

  • यह बजट केंद्र के बजट की तरह झूठ का पुलिंदा है और सिर्फ दिखावा मात्र है। आने वाले समय में हमारे देश व प्रदेश में कमजोर बजट के चलते हालात बेहद खराब होंगे। परिणाम बहुत जल्द दिखाई देंगे। बजट में किसानों, गरीबों, मजदूरों कोई ध्यान नहीं रखा गया है। ये बजट सिर्फ और सिर्फ चुनाव को लेकर वायदों का पिटारा मात्र है। - विवेक बंसल, कांग्रेस नेता व पूर्व विधायक। 
  • प्रदेश सरकार द्वारा प्रस्तुत बजट दिशाहीन है। यह जनता को गुमराह करने वाला। गांव गरीब युवा व किसान विरोधी बजट है। इसमें किसानों व बेरोजगारों के लिए कोई घोषणा नहीं की गई। दलितों, मजदूरों, मजलूमों, बेसहारा व गरीबों को छलने वाला बजट है। केवल भाषा की जादूगरी दिखाकर लोगों को झूठी दिलासा दिलाने का प्रयास है। इस हवा हवाई बजट से किसी का भला होने वाला नहीं है। - डॉ. ऋचा शर्मा उपाध्यक्ष प्रदेश कांग्रेस चिकित्सा प्रकोष्ठ।
  • यह चुनावी बजट है। बजट में ग्रामीण जनता के लिए खास प्रावधान नहीं किया गया है। कृषि आधारित रोजगार के लिए कोई प्रावधान नहीं है। छोटे-छोटे उद्योग-धंधे शुरू करने के लिए युवा बेरोजगारों के लिए सहूलियतें नहीं दी गई हैं। मध्यम वर्ग के लोगों को भी झटका लगा है। -चौधरी कालीचरण सिंह, जिलाध्यक्ष, रालोद
  • प्रदेश सरकार का बजट बेहद निराशाजनक है। बेरोजगारों, किसानों, मजदूरों और व्यापारियों के लिए बड़ी घोषणा नहीं की गई। आमजन को इसलिए बजट से कोई लाभ नहीं होना है। यह बजट केवल 10 फीसदी संपन्न लोगों और बड़े उद्योगपतियों को ध्यान में रखकर तैयार किया गया है। बजट से सभी दुखी हैं।-लक्ष्मी धनगर, जिलाध्यक्ष, सपा
  • बजट निराशाजनक है। बजट जनहित और जनकल्याणकारी नहीं है। यह बजट चुनावी बजट है। सरकार ने तमाम घोषणाएं, वादे और दावे किए हैं। क्या सरकार ने जो पहले वादे किए थे, क्या वो वादे पूर्ण हो चुके हैं। सरकार को गरीब, कमजोर, पीड़ित, शोषितों के हित में बजट जारी करना चाहिए। इस वजह से सिर्फ अमीरों को फायदा होगा।-मुकेश चंद्रा, जिलाध्यक्ष, बसपा
  • बजट सिर्फ और सिर्फ लोकलुभावन है। किसी तरह का लाभ इस बजट के जरिये, गरीब, किसान व मजदूर को नहीं मिल रहा है। इस बजट के जरिये सिर्फ और सिर्फ झूठे वायदे किए गए हैं।-संतोष सिंह, जिलाध्यक्ष कांग्रेस।
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व्यापारी बोल

  • बजट में धार्मिक शहरों को पांच हजार करोड़ से भी ज्यादा देकर खजाना खोल दिया है। कनेक्टिविटी पर ज्यादा ध्यान दे कर जनता को राहत दी गई है, लेकिन उद्योग जगत को निराशा ही हाथ लगी है। मेडिक्लेम या विद्युत कर में उद्यमियों को राहत नही दी गई।-सतीश माहेश्वरी, व्यापारी नेता
  • बजट में व्यापारी समाज की अनदेखी की है। व्यापारी समाज को बजट में कोई राहत नहीं दी गई। जीएसटी लागू करते समय कहा गया था कि बाकी सभी टैक्स खत्म किए जाएंगे। मंडी शुल्क को भी नहीं हटाया गया। बजट से व्यापारी समाज को निराशा मिली है।-कमल गुप्ता, जिलाध्यक्ष, उद्योग व्यापार प्रतिनिधि मंडल
  • प्रदेश सरकार के बजट में कारोबार की दृष्टि से कुछ भी खास नहीं है। दवा व्यापार में लगने वाली जीएसटी अगर कम होती, तो व्यापारियों के साथ ही मरीजों को भी सस्ती दरों पर इलाज उपलब्ध होता। महंगाई, रोज़गार, अपराध, भ्रष्टाचार, के नाम पर बजट निराशजनक है।-आमिर आबिद, दवा कारोबारी
  • योगी सरकार का अब तक के इतिहास का सबसे बड़ा बजट है। महिला, युवा, किसान, और रोजगार सर्जन पर सर्वाधिक जोर दिया है। ओडीओपी के तहत उद्योग को बढ़ाने के लिए व निवेश लाने पर जोर दिया गया है। पर्यटन के लिहाज से अयोध्या, काशी, मथुरा को अलग से प्रावधान रखा है। -पवन खंडेलवाल, उद्यमी
  • पीतल मूर्ति कारोबार के लिहाज से बजट में कुछ भी नहीं है। सरकार ने दो तरह की जीएसटी लगाई हुई है। इससे कारोबार प्रभावित होता है। व्यापारियों को पेंशन व्यवस्था लागू करनी चाहिए थी। इतना टैक्स देने के बाद कोई राहत नहीं दी गई है। -एचआर गांधी, मूर्ति कारोबारी
  • अलीगढ़ के उद्योग के लिए प्रदेश सरकार के बजट में कोई विशेष प्रावधान नहीं है। पूरा बजट डेवलपमेंट को केंद्रित कर बनाया गया है। उद्यमियों को अपनी तरफ से प्रयास करने होंगे। इसके बिना उद्योग का विकास संभव नहीं है। इंफ्रास्ट्रक्चर पर ज्यादा जोर है। -सुनील दत्ता, महामंत्री, तालानगरी औद्योगिक विकास एसोसिएशन
  • बजट में मुख्यमंत्री युवा उद्यमी विकास अभियान का आगाज किया है। जिसके तहत प्रशिक्षित युवाओं को उद्योग स्थापित करने में वित्तीय मदद मिलेगी। यह एक अच्छा कार्य है। वहीं बाहरी निवेश और व्यापार की दृष्टि से यूपी अब दूसरे नंबर पर आ गया है।-आलोक झा, उद्यमी
  • केंद्रीय बजट के बाद प्रदेश सरकार के बजट से भी कारोबारियों को निराशा हाथ लगी है। जीएसटी के साथ अन्य तरह के टैक्स भी व्यापार पर लगाए जा रहे हैं। जिन्हें समाप्त करना चाहिए था। व्यापारी वर्ग को किसी भी प्रकार की कोई राहत नहीं दी गई है।  -राहुल वार्ष्णेय, हार्डवेयर कारोबारी
  • उद्यमी विकास योजना के तहत ग्रामीणों को 5 लाख तक का लोन ब्याज मुक्त मिलेगा। जिससे ग्रामीण अंचल में व्यापार की रफ्तार बढ़ेगी। बजट में सभी वर्गों का ध्यान रखा गया है। प्रदेश के इंफ्रास्ट्रक्चर को लेकर सरकार गंभीर है। इससे व्यापार जगत को बढ़ावा मिलेगा।-हर्ष वार्ष्णेय, कारोबारी
  • प्रदेश सरकार द्वारा पेश किया गया अब तक का सबसे अच्छा और बड़ा बजट है। जिससे प्रदेश विकास की राह पर अग्रसर होगा। बजट में सभी वर्गों का ध्यान रखा गया है। गरीब, युवाओं, महिलाओं सभी वर्गों का ध्यान रखा गया है।-रिंकेश अग्रवाल, एसकेवाई टावर।
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