खो-खो में अलीगढ़ के इतिहास में आकाश बालियान पहले खिलाड़ी बन गए हैं, जो भारतीय खो खो टीम में चुने गए हैं। वह चतुर्थ एशियन खो खो चैंपियनशिप में हिस्सा लेंगे। यह चैंपियनशिप गुवाहाटी के तामूलपुर स्पोर्ट्स कांप्लेक्स में 20 मार्च से 23 मार्च तक होगी। चैंपियनशिप में 10 देशों की टीम खेलेगी। उत्तर प्रदेश से आकाश अकेले खिलाड़ी हैं, जो भारतीय टीम चुने गए हैं।
विकास खंड टप्पल के गांव बसेरा निवासी रौदास सिंह के बेटे आकाश (21) के खेल में वर्ष 2012 से लगातार गुणात्मक सुधार होता गया। आकाश ने बताया कि 12 वर्ष की उम्र से खो-खो खेलना शुरू किया था। कक्षा सात में प्रशिक्षक अजय कुमार राय ने प्रशिक्षण देना शुरू किया था। सर्वोपयोगी इंटर कॉलेज, पलसेड़ा में पढ़ाई के दौरान माध्यमिक विद्यालय की राष्ट्रीय प्रतियोगिता खो खो फेडरेशन के नेशनल चैंपियनशिप और ऑल इंडिया इंटर यूनिवर्सिटी में हिस्सा लिया। तीन बार भारतीय टीम का कैंप कर चुके हैं।
मिट्टी से मैट तक का सफर
आकाश ने अपने खेल की शुरुआत मिट्टी से की। अब वह मैट पर खेल रहे हैं। प्रशिक्षक अजय कुमार राय व जिला खो-खो संघ के सचिव वलीउज्जमा खान ने आकाश की मदद की। इसके बाद सहायक कोच दलवीर सिंह बालियान ने समय-समय पर प्रशिक्षण दिया। पलसेड़ा का खो खो मैदान खिलाड़ियों के नर्सरी के रूप में माना जाता है। सैकड़ों प्रशिक्षण लेते हैं। 12 खिलाड़ी अब तक राष्ट्रीय प्रतियोगिताएं खेल चुके हैं।
आकाश बालियान के बड़े भाई विकास बालियान तीन बार खो खो नेशनल खेल चुके हैं। गांव बसेरा में लगभग 16 खिलाड़ी राज्य स्तरीय खो खो प्रतियोगिता में भाग ले चुके हैं। आकाश की उपलब्धि पर सभी गांव वासियों ने उनके गुरु अजय कुमार राय, खो खो संघ के सचिव, अध्यक्ष अनिल सारस्वत, कोषाध्यक्ष ईश्वरदास वर्मा, सहायक कोच दलवीर सिंह बालियान, शिवकुमार अत्री, विजय कुमार, राशिद हुसैन को बधाई दी है।
ये हैं उपलब्धियां
- 2012 में खो-खो खेलना शुरू
- 2013 में अंडर-17 नेशनल
- 2014 में अंडर-17 नेशनल
- 2015 में अंडर-19 नेशनल
- 2016 में अंडर-19 नेशनल
- 2016 में जयपुर में नॉर्थजोन
- 2017 में आजमगढ़ में जूनियर नेशनल
- 2017 में सिलीगुड़ी में जूनियर नेशनल
- 2018 में मणिपुर में जूनियर नेशनल
- 2019 में दिल्ली में सीनियर नेशनल
- 2019 में छत्तीसगढ़ में सीनियर नेशनल
- 2022 में मध्यप्रदेश में सीनियर नेशनल
- 2023 में भारतीय खो-खो टीम में चयन