अलीगढ़। किडनी कांड से चर्चाओं में आए डॉ. राजीव लोचन पर एक और मरीज के परिजनों ने इलाज में लापरवाही का आरोप लगाया है। शनिवार को बीमार महिला को ऑटो में लेकर एसएसपी दफ्तर पहुंचे लोगों ने कहा कि महिला का पथरी का ऑपरेशन डा. राजीव लोचन ने किया था। तब से महिला बेसुध रहती है। मेडिकल कॉलेज में भी डेढ़ माह इलाज के बाद भी कोई राहत नहीं मिली। एसएसपी ने सीओ तृतीय को जांच के निर्देश दिए हैं। मूल रूप से हाथरस जंक्शन क्षेत्र के गांव पहाड़पुर निवासी श्यौदान सिंह की 35 वर्षीय बीवी मंजूदेवी को कुछ समय पहले पेट दर्द की शिकायत हुई। डॉक्टर को दिखाया तो उसे पित्त की थैली में पथरी बताते हुए ऑपरेशन की सलाह दी गई। मंजू यहां क्वारसी की रामबाग कालोनी में रहने वाले अपने बहनोई के घर आ गई और डॉ. राजीव लोचन के पास उपचार के लिए पहुंची। मंजू के भाई सत्येंद्र के अनुसार डॉक्टर ने मंजू का ऑपरेशन किया। ऑपरेशन के बाद मंजू वहीं भरती रहीं, लेकिन तबियत में कोई सुधार नहीं हुआ। इस पर परिजनों का डॉक्टर से विवाद भी हुआ। इसके चलते खुद डॉक्टर मंजू को एंबुलेंस में परिजनों के साथ मेडिकल कॉलेज ले गए और वहीं छोड़कर चले आए। सत्येंद्र के अनुसार परिजनों ने मेडिकल में डॉक्टर को दिखाया तो बताया गया कि मंजू को ओवरडोज एनिस्थीसिया दिया गया है, जिससे उसकी मानसिक स्थिति पर असर पड़ा है। वहां कई दिन तक उपचार के बाद कोई सुधार न होने पर डॉक्टरों ने यह कहकर घर भेज दिया कि अब इन्हें दवाओं के सहारे रहना पड़ेगा। जीवन कितने दिन का है, यह भी नहीं कहा जा सकता। तब से मंजू का लगातार उपचार चल रहा है।