कासगंज। थाना ढोलना अंतर्गत गांव जघेरा महेशपुर में माइक्रो फाइनेंस कंपनी के दो कर्मचारियों को ग्रामीणों ने पकड़ लिया। आरोप है कि इनकी कंपनी के एक कर्मचारी ने महिलाओं को ऋण देने के नाम पर अवैध वसूली कर ली थी। ग्रामीणों ने पुलिस को तहरीर दी है।
तहरीर के अनुसार एक माइक्रो फाइनेंस कंपनी ने गांव में समूह बनाकर महिलाओं को ब्याज पर 40 से 50 हजार रुपये के लोन दे रखे हैं। इसकी किश्त लेने के लिए बदायूं निवासी उपेंद्र आया करता था। ग्रामीण महिलाओं का आरोप है कि करीब पांच माह पूर्व उक्त कर्मचारी ने गांव में महिलाओं को पांच-पांच लाख रुपये का लोन पास कराने झांसा दिया और लोन दिलाने के नाम पर 14 महिलाओं से 10-10 हजार रुपये ले लिए।
पांच माह बाद भी जब लोन पास नहीं हुआ तो महिलाओं ने अपने रुपये वापस मांगे। आरोप है कि रुपये वापस मांगने पर महिलाओं को उक्त कर्मी ने जातिसूचक शब्द बोलते हुए झूठे मुकदमे में फंसाने की भी धमकी दी। मंगलवार को जब इस कंपनी का दूसरा कर्मचारी किश्त लेने पहुंचा तो महिलाओं ने किश्त देने से इन्कार कर दिया।
इस पर कंपनी के दूसरे कर्मचारी भी गांव में आ गए। इस पर महिलाओं ने पुलिस बुला ली और दो कर्मचारियों को पुलिस के हवाले कर दिया। महिलाओं ने उक्त कंपनी के कर्मचारी के खिलाफ थाना ढोलना में तहरीर दी है। थाना प्रभारी ढोलना ब्रहम प्रकाश ने बताया कि तहरीर मिली है। जांच पड़ताल की जा रही है। पकड़े गए दोनों कर्मियों से पूछताछ की जा रही है।