कासगंज। मौनी अमावस्या पर शुक्रवार को शुभ योगों के बीच गंगा घाटों पर आस्था की डुबकी लगेगी। इस दिन सर्वार्थ सिद्धि योग, बुधदित्य योग और महोदय योग का मिलन हो रहा है। ज्योतिषी पर्व के मौके पर बन रहे इन विशेष योगों को काफी शुभ मान रहे हैं। इस महासंयोग में पितर प्रसन्न होंगे। ज्योतिषाचार्य मुकुंद बल्लभ भट़्ट का कहना है कि माघ मास में पड़ने वाली मौनी अमावस्या का विशेष धार्मिक महत्व माना गया है। इस दिन गंगा स्नान कर दान करने से विशेष पुण्य, मिलता है लेकिन इस बार की यह अमावस्या और भी खास है। श्रवण नक्षत्र, व्यतीपात योग और शकुनी करण के संयोग से महोदय योग का निर्माण हो रहा है। महोदय योग सुबह 8:04 से शाम 7: 06 बजे तक रहेगा। यह योग पितरों को प्रसन्न करने के लिए बहुत ही शुभ है। मौनी अमावस्या के अवसर पर पवित्र नदियों में स्नान करने से पाप खत्म होते हैं और पुण्य मिलता है। इसके अलावा सर्वार्थ सिद्ध योग का संयोग बनने से सभी कार्य सिद्ध होंगे। पूजा-पाठ, अनुष्ठान, साधना आदि के लिए यह योग काफी शुभ है। इस दिन बुधदित्य योग, विनायक अमृत हंस और मालव्य योग भी बन रहे हैं। इतने योगों का संयोग एक साथ बनना दुर्लभ माना जाता है।