विजिलेंस की टीम ने बृहस्पतिवार को आगरा फोर्ट रेलवे स्टेशन पर तत्काल कोटे की जांच पड़ताल की। एक व्यक्ति को तत्काल कोटे का टिकट बनवाने का संदिग्ध मानकर पकड़ने के बाद पूछताछ की गई। रेलवे के जनसंपर्क अधिकारी ने विजिलेंस की कार्रवाई को रूटीन चेकिंग बताया।
रेलवे स्टेशनों पर आरक्षण बुकिंग में दलालों का आना जाना रहता है। प्रयागराज से आए विजिलेंस इंस्पेक्टर ने तत्काल कोटे की बुकिंग में एक व्यक्ति को संदिग्ध प्रतीत होने पर पूछताछ की तो पाया कि वह व्यक्ति स्टेशन के निकट ही काम करता है। रांची के लिए सफर करने वाले यात्री की तत्काल टिकट बनवा चुका था। इस पर उससे पूछताछ की गई।
उसने बताया कि अपने दोस्त के लिए टिकट बनवा रहा था। इस संबंध में मुख्य आरक्षण पर्यवेक्षक (सीआरएस) से पूछताछ की गई। पीआरओ प्रशस्ति श्रीवास्तव ने बताया कि विजिलेंस की टीम रुटीन चेक करती है। आगरा कैंट पर भी एक दिन पूर्व जांच की गई थी। आगरा फोर्ट पर एक व्यक्ति संदिग्ध मिला, जिसके बारे में रिपोर्ट बनाकर मुख्यालय को भेजी गई है।