अपने घर के पास चंबल नहर किनारे खेल रही फरैरा के हरेन्द्र सिंह की बेटी पल्लवी सोमवार की दोपहर लापता हो गई थी। सुराग न लगने पर मंगलवार को पिता ने बाह थाने में बहला फुसलाकर अपहरण किए जाने का मुकदमा दर्ज कराया था। मंगलवार को ही परिजनों से तीन बार फोन काल पर छह लाख की फिरौती मांगी गई।
बुधवार को सर्विलांस की मदद से पुलिस फिरौती मांगने वालों तक पहुंच गई। पुलिस पूछताछ में उन्होंने पल्लवी की हत्या किए जाने का जुर्म कबूल कर लिया। पुलिस ने उनकी निशानदेही पर सरसों के खेत में छुपाए शव को बरामद कर लिया। पल्लवी के पहने कपड़े से ही उसके गले में फंदा कसा हुआ था।
मासूम का शव बरामद होने पर बुधवार देर शाम डीसीपी पूर्वी अतुल शर्मा फोरेंसिक टीम के साथ मौके पर पहुंचे और साक्ष्य संकलित किये। डीसीपी ने बताया कि दो लोगों ने मासूम की हत्या की है। उन्होंने अपना जुर्म कबूल कर लिया है। निशानदेही पर शव बरामद कर पोस्टमार्टम को भेज दिया है। कर्ज होने पर चुकाने के लिए फिरोती बसूलने के लिए अपहरण किया था। आरोपियों में मृतका का चाचा भी है।
मैंने कही पैसा दे देंगो, तौऊ मार दई
चीख पुकार के बीच दादा हुकुम सिंह बोले फोन पै मैंने पैसे देबे की कही हती, तौऊ मेई मौड़ी मार दई। इतना बोलते ही फफक पड़े और बेसुध हो गये। बताते चलें दादा हुकुम सिंह पर ही अपहरण कर्ताओं की पहली फोन काल आई थी। छह लाख की फिरौती मांगने पर रुपये देने की बात कही थी।