सोरोंजी। वार्षिक अमृत कुंभ मार्गशीर्ष में पड़ने वाले स्नान पर्वों पर हरि की पौड़ी में डुबकी लगाकर पुण्य अर्जित करने के लिए साधु-संतों का तीर्थनगरी के आगमन शुरू हो गया है। मथुरा, बनारस, हरिद्वार, राजघाट, उज्जैन आदि स्थानों के अलावा एमपी, राजस्थान आदि प्रांतों से भी बड़ी संख्या में संत-महात्मा प्रतिदिन शूकर क्षेत्र की धरा पर आ रहे हैं। संतों के आगमन से यहां स्थित आश्रम भी गुलजार रहने लगे हैं। तीर्थनगरी के संत आश्रम स्वामी महेश दयानंद सोहम आश्रम, स्वामी अमृतानंद आश्रम, स्वामी ब्रह्मानंद आश्रम, टाटिया बाबा आश्रम, भक्त आश्रम, बंशी वाले बाबा आश्रम, नागालैंड आदि में अतिथि संत प्रवास कर रहे हैं।