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Agra News: खेतों में सड़ने लगीं बारिश से भीगी बाजरे की बालियां

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बारिश से भीगी बाजरे की फसल।  - फोटो : bah
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बाह। दो दिन हुई बारिश के बाद बृहस्पतिवार को भी बादल छाए रहे। दोपहर बाद बूंदाबांदी भी हुई। लगातार बादल छाए रहने और बूंदाबांदी ने किसानों की परेशानी बढ़ी दी है। बारिश से खेतों में पानी भरने और बाजरे की कटी फसल की बालियां भीगने से सड़ने लगी हैं। किसानों का कहना है कि बाह और जैतपुर क्षेत्र के गांवों में अभी भी 15 फीसदी बाजरा की फसल खेतों में कटी पड़ी है। बारिश की बजह से बाजरा की करब और बालियां भीग गई हैं। बृहस्पतिवार को अपने परिवार के साथ खेड़ा देवीदास गांव के रामसेवक कटी पड़ी बाजरा की फसल से बालियां काट रहे थे। उन्होंने बताया कि 5 हजार रुपये प्रति बीघा भेज पर खेत लेकर बाजरे की फसल की थी। करब सड़ने लगी है, बालियां अंकुरित होने लगी हैं। उन्होंने बताया कि बाजरा की फसल में नुकसान के साथ ही गुणवत्ता भी खराब हो गई है। बूंदाबांदी की बजह से किसान आलू की बुआई भी नहीं कर पा रहे हैं। चांगौली के राकेश भदौरिया, नरहौली के भूपेंद्र सिंह चौहान, गुमानसिंह पुरा के राजकुमार, रजपुरा के गंगा सिंह ने बताया कि बारिश की बजह से आलू की फसल लगातार लेट हो रही है। जिससे पैदावार प्रभावित होने के साथ ही आलू के बाद दूसरी फसल लेने की उम्मीद टूटने लगी है। हालांकि बाजरा के खाली हुए खेतों एवं सरसों की अगेती फसल के लिए बारिश को फायदेमंद माना जा रहा है।
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