मैनपुरी। कारागार मंत्री धर्मवीर प्रजापति ने बुधवार को जेल पहुंचकर बंदियों से सीधा ंसंवाद किया। जेल अधिकारियों से कहा कि बंदियों की सकारात्म्क सोच बढ़ाना जरूरी है। किसी अपराध में जेल आने वाला हर व्यक्ति आदतन अपराधी नहीं हो सकता है। बंदियों को समाज की मुख्य धारा से जोडने के लिए पहल की जाए।
बुधवार को जेल पहुंचे कारागार मंत्री धर्मवीर प्रजापति ने जेल शिक्षक ब्रजेश चतुर्वेदी द्वारा जेल परिसर में बनाई गई भगवान बुद्ध की प्रतिमा का अनावरण किया। जेल में निरक्षर बंदियों को पढ़ा रहे बंदी शिक्षा मित्रों से बात की। उनसे कहा कि यह अच्छी पहल है। अपने साथी बंदियों को शिक्षित बनाने की पहल जारी रखें। समस्या होने पर जेल अधिकारियों को जरूर बताएं। समस्या का हर हाल में समाधान होगा। कारागार मंत्री ने कहा कि आजीवन कारावास की सजा को 16 साल की सजा में बदल दिया गया है। दशकों पुराने जेल मैनुअल में भी जरूरी बदलाव हुआ है।
कारागार मंत्री ने बंदियों से कहा कि जेल में अच्छा व्यवहार करें। जिससे उनके आचरण के आधार पर उनको लाभ मिल सके। जेलर से कहा कि जेल में रक्षाबंधन पर किसी बंदी की कलाई सूनी नहीं रहनी चाहिए। जिस बंदी की बहिन राखी बांधने नहीं आए उसकी कलाई पर जेल की महिला बंदियों से राखी बंधवाई जाए। जेल अधीक्षक कोमल मंगलानी, जेलर पीके त्रिवेदी, डिप्टी जेलर मोनिका सचान, मनोज कुमार शुक्ला, जेल शिक्षक ब्रजेश चतुर्वेदी, भाजपा जिलाध्यक्ष प्रदीप चौहान, दिनेश वशिष्ठ, अरुण प्रताप सिंह चौहान, आशीष पांडेय मौजूद रहे।
-----------
नवजात का नामकरण कराया
जेल में जन्मे एक नवजात का नामकरण पंड़ित आशुतोष मुखर्जी से कराकर केक काटा। वृद्ध, महिला बंदियों सहित महिला बंदियों के साथ मौजूद बच्चों को कारागार मंत्री ने उपहार भी दिए। कारागार मंत्री ने बंदियों सहित जेल स्टाफ को रक्षाबंधन की शुभकामनाएं दीं। जेल में बंदियों द्वारा किए जा रहे विशेष प्रयासों की सराहना की।