आगरा। नेशनल टेस्टिंग एजेंसी (एनटीए) की ओर से रविवार को राष्ट्रीय पात्रता सह प्रवेश परीक्षा (नीट) यूजी का आयोजन जिले के 22 केंद्रों पर किया गया। परीक्षा दोपहर दो से शाम पांच बजे तक हुई। करीब 10 हजार अभ्यर्थी पंजीकृत थे, इसमें से 93 फीसदी परीक्षा में शामिल हुए। अभ्यर्थियों को भौतिक के प्रश्नों ने उलझाया। गत परीक्षा की अपेक्षा इस बार भौतिक विज्ञान के प्रश्न अधिक कठिन पूछे गए। जीव विज्ञान और रसायन विज्ञान के प्रश्न आसान रहे।
परीक्षा के समन्वयक सरस्वती विद्या मंदिर, कमला नगर के प्रधानाचार्य कृष्णकांत द्विवेदी के मुताबिक पूरी पारदर्शिता के साथ परीक्षा का आयोजन किया। सभी 22 केंद्र सीसीटीवी कैमरे के माध्यम से कंट्रोल रूम से जुड़े थे। केंद्रों पर जैमर लगाया गया था। कोरोना प्रोटोकाल का पालन कराते हुए परीक्षा कराई गई। बलूनी क्लासेज के एकेडमिक हेड डॉ. ललितेश यादव का कहना है कि इस बार भौतिक विज्ञान के प्रश्न कठिन रहे।
वहीं, रसायन विज्ञान व जीव विज्ञान के प्रश्न आसान रहे। सभी प्रश्न एनसीईआरटी से ही थे। इस वर्र्ष की परीक्षा की कट ऑफ पिछले वर्ष की अपेक्षा कम रहने की उम्मीद है।
होराइजन के निदेशक जय वर्मा के मुताबिक नीट यूजी में इस बार भौतिक विज्ञान के प्रश्न अपेक्षाकृत कठिन रहे। जिसके अंक सामान्य श्रेणी में 600 से अधिक आएंगे, वह एमबीबीएस में सरकारी कॉलेज में प्रवेश पा सकेगा। गत वर्ष प्रदेश में कट ऑफ 607 गई थी।
औसत स्तर का रहा प्रश्नपत्र
‘प्रश्नपत्र औसत स्तर का रहा। भौतिक विज्ञान के प्रश्न कठिन तो जीव विज्ञान और रसायन विज्ञान के प्रश्न आसान पूछे गए थे।’ - चंचल कुमारी
पहले की अपेक्षा प्रश्नपत्र कठिन आया
‘पहले भी नीट दी है। उसकी अपेक्षा इस बार प्रश्नपत्र कठिन आया। खासतौर पर भौतिक विज्ञान के प्रश्नों को हल करने में कठिनाई हुई।’ - शिवदीप
भौतिक विज्ञान के प्रश्न कठिन लगे
‘परीक्षा में स्तरीय प्रश्न पूछे गए थे। भौतिक विज्ञान के प्रश्न कठिन लगे, उसकी अपेक्षा जीव विज्ञान और रसायन विज्ञान के प्रश्न आसान थे।’- अमन कुमार
जीव विज्ञान के प्रश्न आसान रहे
‘दूसरी बार नीट में शामिल हुई। गत परीक्षा की अपेक्षा इस बार भौतिक और रसायन विज्ञान के प्रश्न कठिन लगे। जबकि जीव विज्ञान के प्रश्न आसान रहे।’ - स्तुति शर्मा